विश्व साइकिल दिवस पर गोपेश्वर में निकली साइकिल रैली

गोपेश्वर (चमोली)। खेल निदेशालय उत्तराखण्ड के निर्देशानुसार खेल विभाग चमोली द्वारा संडेज ऑन साइकिल विशेष अभियान के तहत विश्व साइकिल दिवस के अवसर पर रविवार को स्पोर्ट्स स्टेडियम गोपेश्वर में साइकिल रैली का आयोजन किया गया। रैली में विभिन्न विभागों के कार्मिकों, जनप्रतिनिधियों तथा शिक्षण संस्थानों के छात्र-छात्राओं ने  प्रतिभाग किया।

कार्यक्रम का शुभारम्भ जिला युवा कल्याण एवं प्रांतीय रक्षक दल अधिकारी चमोली धीरेन्द्र नाथ द्विवेदी ने किया। पुरुष एवं बालक वर्ग में  केवी गोपेश्वर के अनंत सिंह, आदिल अंसारी, शिवम सिंह, यशवंत सिंह तथा अरहम अंसारी को पुरस्कृत किया गया। जबकि महिला एवं बालिका वर्ग में जीजीएचएस नैग्वाड़ की आयुषी तथा पीजी कॉलेज गोपेश्वर की साक्षी, दिव्या, प्रियंका रावत और कविता को पुरस्कार प्रदान किए गए।

प्रतिभागियों को पुरस्कार वितरण जिला युवा कल्याण अधिकारी धीरेन्द्र नाथ द्विवेदी, वालीबॉल संघ चमोली के अध्यक्ष कमल सिंह रावत, बैडमिंटन संघ के जिला अध्यक्ष हेमन्त दरमोड़ा तथा थाना प्रभारी अनिरुद्ध व्यास ने संयुक्त रूप से किया। कार्यक्रम के दौरान राष्ट्रीय वालीबॉल खिलाड़ी एवं एनआईएस प्रशिक्षक स्व.  कमल सिंह चौहान को खेल परिवार की ओर से दो मिनट का मौन रखकर श्रद्धांजलि अर्पित की गई। मुख्य अतिथि ने कहा कि खेल विभाग की विभिन्न योजनाओं और प्रतियोगिताओं में भाग लेकर युवा स्वस्थ शरीर और स्वस्थ मस्तिष्क का विकास कर सकते हैं तथा जनपद, राज्य और देश का नाम रोशन कर सकते हैं।

साइकिल रैली के संचालन में तनवीर अहमद, अतुल कुमार, दिनेश विष्ट, नवीन कुंवर और संगीता नेगी की महत्वपूर्ण भूमिका रही। इस अवसर पर खेल विभाग के एनएस नेगी, राजपाल सिंह, देवेंद्र सिंह, ताजवर सिंह, कीर्ति, संतोष, प्रदीप कुमार, अनूप सिंह सहित विभिन्न संस्थानों के छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।  प्रभारी जिला क्रीड़ाधिकारी मोहित सिंह ने मुख्य अतिथि एवं उपस्थित सभी अतिथियों तथा प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया।

 
 
तोताघाटी के पास चारधाम यात्रा बस पलटी, SDRF ने सभी यात्रियों को सुरक्षित निकाला

नई टिहरी। चारधाम यात्रा पर निकली एक बस  टिहरी जनपद के तोताघाटी क्षेत्र में दुर्घटनाग्रस्त होकर सड़क पर पलट गई। हादसे के समय बस में 39 यात्री सवार थे। दुर्घटना में कुछ यात्रियों को मामूली चोटें आई हैं, जबकि सभी यात्री सुरक्षित बताए जा रहे हैं।

जानकारी के अनुसार, सुबह करीब 8:30 बजे जिला नियंत्रण कक्ष टिहरी से सूचना मिली कि तोताघाटी के समीप एक चारधाम यात्रा बस दुर्घटनाग्रस्त हो गई है। सूचना मिलते ही निरीक्षक कवीन्द्र सजवान के नेतृत्व में एसडीआरएफ पोस्ट ढालवाला और ब्यासी की टीमें तत्काल घटनास्थल के लिए रवाना हुईं।

मौके पर पहुंची एसडीआरएफ टीम ने पाया कि बदरीनाथ से ऋषिकेश की ओर आ रही बस संख्या UK04 PA 0418 सड़क पर ही पलट गई थी। प्रारंभिक जांच में बस के ब्रेक फेल होने को दुर्घटना का संभावित कारण माना जा रहा है।

हादसे में तीन से चार यात्रियों को सामान्य चोटें आईं, जिन्हें 108 एम्बुलेंस की सहायता से उपचार के लिए ऋषिकेश अस्पताल भेजा गया। अन्य सभी यात्री सुरक्षित हैं।

एसडीआरएफ ने स्थानीय प्रशासन और अन्य आपातकालीन एजेंसियों के साथ समन्वय बनाते हुए राहत एवं बचाव कार्य संचालित किया। समय रहते राहत दल के पहुंचने से स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में रही और किसी बड़ी जनहानि से बचाव हो गया।

गेट सिस्टम से ज्योतिर्मठ में तीर्थयात्रियों को जाम से मिली राहत

गोपेश्वर (चमोली)। बदरीनाथ तथा हेमकुंड साहिब की यात्रा पर आ रहे तीर्थ यात्रियों को ज्योतिर्मठ में गेट सिस्टम को प्रभावी करने से जाम के झाम से निजात मिल रही है। इसके चलते स्थानीय लोगों को भी राहत मिलती दिखाई दे रही है।

दरअसल बदरीनाथ यात्रा के दौरान ज्योतिर्मठ में राष्ट्रीय राजमार्ग पर तीर्थयात्रियों को वाहनों के दबाव के चलते जाम से निजात नहीं मिल पा रही थी। इसके चलते ज्योतिर्मठ में करीब 15 वर्षों बाद वन वे गेट सिस्टम लागू किया गया। इस व्यवस्था के प्रभावी होने से चारधाम यात्रा पर आ रहे तीर्थयात्रियों को जाम के झाम से निजात मिलती दिखाई दे रही है। बदरीनाथ धाम की यात्रा के शुरू होने के 43 दिनों के भीतर ही 9 लाख 8 हजार 619 श्रद्धालु यात्रा पर आ चुके है। इसी तरह हेमकुंड साहिब की यात्रा पर भी अब तक 55 हजार 411 तीर्थयात्री मत्था टेक चुके हैं। हर रोज 20 हजार से अधिक यात्रियों का आवागमन हो रहा है। ज्योतिर्मठ के मारवाडी के मध्य लग रहे जाम के चलते डीएम गौरव कुमार के निर्देश पर पुलिस और तहसील प्रशासन ने गेट सिस्टम शुरू किया। इससे दोनों ओर से निर्धारित समय अंतराल पर एक दिशा से वाहनों की आवाजाही हो रही है। इससे यातायात को सुचारू बनाने में मदद मिलती जा रही है। स्थानीय लोग भी गेट सिस्टम लागू होने से राहत में हैं। इससे पूर्व ज्योतिर्मठ में जाम लगने से पैदल यात्रियों, स्थानीय नागरिकों व व्यापारियों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था। अब इस झंझट से लोगों को निजात मिल गई है।

ब्रहमकपाल तीर्थपुरोहित संगठन के अध्यक्ष अमित सती, स्थानीय व्यापारी हर्षा शाह, सलीम और समीर डिमरी ने प्रशासन एवं पुलिस की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि गेट सिस्टम लागू होने के बाद ज्योतिर्मठ क्षेत्र में जाम की समस्या काफी हद तक नियंत्रित हुई है और आवाजाही पहले की तुलना में अधिक सुगम हुई है।

डीएम गौरव कुमार ने कहा कि बदरीनाथ एवं हेमकुंड साहिब यात्रा के दौरान यात्रियों की सुरक्षा और सुचारु यातायात संचालन प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में वाहनों के दबाव को देखते हुए गेट सिस्टम संचालित किया जा रहा है। यातायात का दबाव कम होने पर आवश्यकता के अनुसार व्यवस्था में बदलाव किया जाएगा। उन्होंने यात्रियों से प्रशासन द्वारा निर्धारित यातायात नियमों का पालन करने तथा सहयोग बनाए रखने की अपील भी की।

 

पौड़ी गढ़वाल : खाद्य कारोबारियों को खाद्य सुरक्षा मानकों एवं FSSAI के नवीन प्रावधानों की दी गई जानकारी

पौड़ी : खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम-2006 के प्रभावी क्रियान्वयन तथा खाद्य कारोबारियों को नवीन नियमों एवं प्रावधानों के प्रति जागरुक करने के उद्देश्य से खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा विकासखंड पौड़ी के सभागार में जागरुकता गोष्ठी का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सहायक आयुक्त, खाद्य सुरक्षा विभाग पी.सी. जोशी ने खाद्य कारोबार से जुड़े व्यवसायियों को खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम-2006, पैकेजिंग एवं लेबलिंग विनियम, खाद्य लाइसेंस एवं पंजीकरण संबंधी नियमों तथा भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (एफएसएसएआई) द्वारा जारी नवीन प्रावधानों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने कहा कि खाद्य व्यवसाय संचालकों द्वारा निर्धारित मानकों का अनुपालन किया जाना उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य संरक्षण के लिए अत्यंत आवश्यक है।

उन्होंने खाद्य कारोबारियों से लाइसेंस एवं पंजीकरण की अनिवार्यता, खाद्य उत्पादों की गुणवत्ता, उचित पैकेजिंग तथा सही लेबलिंग सुनिश्चित करने का आह्वान किया। कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों की जिज्ञासाओं का समाधान भी किया गया तथा उन्हें खाद्य सुरक्षा से संबंधित नियमों के अनुपालन के लिए प्रेरित किया गया।

गोष्ठी में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) से जुड़ी महिलाओं तथा स्थानीय व्यापारियों ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया। इस अवसर पर खाद्य सुरक्षा अधिकारी रचना लाल ने खाद्य सुरक्षा के क्षेत्र में स्वच्छता एवं हाइजीन संबंधी मानकों की जानकारी देते हुए खाद्य पदार्थों के सुरक्षित भंडारण, निर्माण एवं विक्रय के दौरान अपनायी जाने वाली सावधानियों पर विस्तार से प्रकाश डाला।

कोटद्वार में राजकीय भूमि से अतिक्रमण हटाने के लिए 10 दिन का अभियान, एसडीएम संदीप कुमार ने विभागों को दिए सख्त निर्देश

कोटद्वार : जिलाधिकारी स्वाति एस भदौरिया के निर्देशों के क्रम में कोटद्वार क्षेत्रांतर्गत राजकीय भूमि पर हुए अवैध अतिक्रमणों को चिन्हित कर नियमानुसार हटाने की कार्रवाई को गति देने के उद्देश्य से कोटद्वार तहसील में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में राजस्व विभाग, सिंचाई विभाग, नगर निगम, लोक निर्माण विभाग, राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच) धुमाकोट, जल संस्थान तथा विकास प्राधिकरण के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने भाग लिया।

बैठक में एसडीएम संदीप कुमार ने सभी विभागों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि वे अभियान चलाकर अपने-अपने विभाग के अधीन आने वाली भूमि पर हुए अवैध अतिक्रमणों को चिन्हित करते हुए आगामी 10 दिनों के भीतर हटाने की कार्रवाई सुनिश्चित करें। बैठक में निर्देश दिए गए कि अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान यदि प्रशासनिक अथवा पुलिस बल की आवश्यकता हो तो समय रहते इसकी सूचना उपलब्ध करायी जाए, ताकि कार्रवाई प्रभावी ढंग से संपादित की जा सके।

बैठक में उपजिलाधिकारी ने निर्देशित किया कि किसी भी विभाग की भूमि पर अवैध अतिक्रमण की सूचना प्राप्त होने पर संबंधित विभाग की जवाबदेही तय की जाएगी। ऐसे मामलों में संबंधित विभाग स्वयं उत्तरदायी होगा।

प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि राजकीय भूमि को अतिक्रमण मुक्त बनाने के लिए अभियान निरंतर जारी रहेगा तथा सरकारी संपत्तियों की सुरक्षा और संरक्षण सुनिश्चित करने के लिए सभी विभागों को सक्रिय भूमिका निभानी होगी।

सारकोट मॉडल पर विकसित होगा परवाड़ी गांव – डीएम गौरव कुमार

गोपेश्वर (चमोली)। चमोली के जिलाधिकारी गौरव कुमार ने भराडीसैण विधानसभा परिसर से सटे सारकोट गांव के मुख्यमंत्री आदर्श ग्राम योजना के तहत चल रहे विकास कार्यों को माडल बताते हुए इसी से सटे परवाडी गांव को भी विकसित करने की कवायद की  जाएगी। इसके लिए  बीडीओ को डीपीआर तैयार करने को कहा गया है।

मुख्यमंत्री आदर्श ग्राम योजना के तहत गैरसैण ब्लाॅक के सारकोट गांव में विभिन्न विभागों की ओर से संचालित विकास कार्यों की समीक्षा करते हुए डीएम ने कहा कि अब इसी गांव से सटे परवाडी गांव को भी सारकोट की तर्ज पर विकसित करने का बीड़ा उठाया जाएगा।

बैठक में उन्होंने सभी विभागों को सारकोट गांव में चल रहे निर्माण कार्यों को निर्धारित समय पर पूरा करने पर बल देते हुए गुणवत्ता पर जोर देने को कहा। ग्रामीण निर्माण विभाग के कार्यों की समीक्षा करते हुए सारकोट के पांचों तोकों में लगभग 250 आवासों के सौंदर्यीकरण कार्य को जल्द पूरा करने पर बल देते हुए गौशाला निर्माण कार्यों को प्राथमिकता देने पर जोर दिया गया। सामूहिक कृषि को बढ़ावा देने के लिए की जा रही 950 मीटर सोलर चेन लिंक फेंसिंग के कार्य में तेजी लाने तथा प्राथमिक विद्यालय सारकोट में चल रहे सिविल और अन्य विकास कार्यों को समयबद्ध रूप से पूरा करने को कहा।

कृषि विभाग की ओर से बताया कि ग्राम पंचायत सारकोट में 203 से अधिक किसानों की 126.22 हेक्टेयर कृषि भूमि को चेन लिंक फेंसिंग किया जाना है। अब तक 10 जियो लाइन टैंकों का निर्माण पूरा कर लिया गया है, जबकि चार टैंक निर्माणाधीन हैं। इसके अलावा 1600 मीटर चेन लिंक फेंसिंग का कार्य भी पूर्ण हो चुका है।

डीएम गौरव कुमार ने मुख्य कृषि अधिकारी को पूरे गांव को सोलर फेंसिंग से आच्छादित करने के लिए प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए। कहा कि इससे किसानों की फसलें जंगली जानवरों से सुरक्षित रहेंगी और कृषि गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा। स्वास्थ्य सुविधाओं की समीक्षा के दौरान डीएम ने मुख्य चिकित्साधिकारी को सारकोट में स्वास्थ्य संबंधि सुविधाओं की बहाली पर बल दिया।

इस दौरान मुख्य विकास अधिकारी डॉ. अभिषेक त्रिपाठी, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. अभिषेक गुप्ता, जिला विकास अधिकारी केके पंत, आरडब्ल्यूडी के अधिशासी अभियंता अल्लादिया समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।

 

दरकने लगी काली चट्टान, जान जोखिम में डालकर हो रही आवाजाही

गोपेश्वर (चमोली)। दशोली ब्लाॅक की निजमुला घाटी को जिला मुख्यालय गोपेश्वर से जोड़ने वाली एकमात्र मुख्य सड़क काली चट्टान क्षेत्र में एक बार फिर से पहाड़ी से गिर रहे पत्थर हादसों को न्यौता दे रहे हंै। स्थानीय लोगों ने शासन-प्रशासन से तत्काल स्थाई उपचार की मांग करते हुए चेतावनी दी है कि लापरवाही की स्थिति में किसी भी अप्रिय घटना की जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।

निजमुला घाटी की जीवनरेखा मानी जाने वाली मुख्य सड़क काली चट्टान एक बार फिर से दरकने लगी है। इससे घाटी के हजारों लोगों की आवाजाही पर संकट आ खड़ा हो गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि काली चट्टान क्षेत्र लंबे समय चट्टान से पत्थर गिरने का सिलसिला जारी है। लेकिन अभी तक इसका कोई स्थाई समाधान नहीं किया गया है। प्रति वर्ष बरसात के मौसम में यहां आवाजाही कठिन हो जाती है। क्षेत्रीय लोगो का कहना है कि प्रतिदिन स्कूली बच्चे, मरीज, बुजुर्ग और नौकरीपेशा लोग यहां से गुजरते हैं। सड़क की मौजूदा स्थिति को देखते हुए यहां सफर करना जान जोखिम में डालने जैसा हो गया है।

क्षेत्र के सामाजिक कार्यकर्ता रणवीर सिंह नेगी ने शासन एवं प्रशासन से मामले का तत्काल संज्ञान लेते हुए प्रभावित हिस्से का स्थायी ट्रीटमेंट कराने की मांग की है। उनका कहना है कि केवल अस्थायी मरम्मत से समस्या का समाधान संभव नहीं है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते सड़क को सुरक्षित बनाने के लिए प्रभावी कदम नहीं उठाए गए तो यहां कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। ऐसी स्थिति में होने वाली जनहानि और नुकसान की पूरी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।

पौड़ी गढ़वाल जिले को शीघ्र मिलेगी आधुनिक इण्डोर खेल सुविधा, डीएम स्वाति एस. भदौरिया ने लिया प्रगति कार्यों का जायज़ा

पौड़ी : जनपद मुख्यालय स्थित कण्डोलिया इण्डोर स्टेडियम को आधुनिक खेल सुविधाओं से युक्त विकसित खेल परिसर के रूप में तैयार करने की दिशा में कार्य तेजी से आगे बढ़ रहा है। इसी क्रम में जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने शनिवार को इण्डोर स्टेडियम एवं खेल कार्यालय का निरीक्षण कर चल रहे विकास कार्यों, उपलब्ध खेल सुविधाओं तथा आधारभूत व्यवस्थाओं का जायजा लिया और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।

जिलाधिकारी द्वारा पूर्व में किए गए निरीक्षण के दौरान दिए गए निर्देशों के क्रम में बैडमिंटन कोर्ट के सुदृढ़ीकरण हेतु धनराशि स्वीकृत की गयी थी, जिसके उपरांत लोक निर्माण विभाग द्वारा कार्य प्रारंभ कराया गया। लंबे समय से उपयोग के कारण क्षतिग्रस्त हो चुकी फ्लोरिंग को बदलते हुए कोर्ट का पुनर्निर्माण कराया गया है। इसके अंतर्गत आधुनिक फ्लोरिंग और कोर्ट मैट स्थापित किए गए हैं, जिससे खिलाड़ियों को राष्ट्रीय मानकों के अनुरूप बेहतर खेल वातावरण प्राप्त होगा।

निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने कहा कि जनपद के खिलाड़ियों को बेहतर खेल अवसर उपलब्ध कराने के लिए खेल अवसंरचना को लगातार सुदृढ़ किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इण्डोर स्टेडियम में चार बैडमिंटन कोर्ट बनाए जा रहे हैं, जिनके सुदृढ़ीकरण का कार्य लगभग पूर्णता की ओर है तथा शीघ्र ही खिलाड़ियों को आधुनिक, सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण इण्डोर खेल सुविधा उपलब्ध हो सकेगी।

जिलाधिकारी ने स्टेडियम में हाल ही में स्थापित प्रकाश व्यवस्था का निरीक्षण करते हुए आवश्यक स्थानों पर अतिरिक्त लाइटें लगाने, मुख्य प्रवेश द्वार पर फोकस लाइट स्थापित करने तथा आकर्षक साइनेज बोर्ड लगाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि खेल सुविधाओं के साथ-साथ परिसर का समुचित सौंदर्यीकरण भी आवश्यक है, जिससे खिलाड़ियों और आगंतुकों को बेहतर अनुभव प्राप्त हो।

स्टेडियम परिसर को अधिक सुव्यवस्थित एवं आकर्षक बनाने के लिए उन्होंने पाइपलाइन व्यवस्था को व्यवस्थित करने, जालियों पर रंग-रोगन कराने तथा भवन के रखरखाव कार्यों को प्राथमिकता से पूर्ण करने के निर्देश दिए। लकड़ी से निर्मित संरचनाओं के संरक्षण हेतु गुणवत्तापूर्ण वुडन पॉलिश कराने को भी कहा गया।

निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने उपकरणों एवं खेल सामग्री के सुरक्षित रखरखाव के लिए कैबिनेट निर्माण, पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था तथा नियमित साफ-सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने खेल कार्यालय में पेयजल एवं शौचालय सुविधाओं की भी समीक्षा की और खिलाड़ियों के लिए सभी मूलभूत सुविधाएं बेहतर बनाए रखने पर जोर दिया।

लॉन टेनिस कोर्ट के आसपास आवश्यक विकास एवं सौंदर्यीकरण कार्यों के लिए विस्तृत आकलन तैयार करने के निर्देश देते हुए जिलाधिकारी ने जलापूर्ति व्यवस्था की भी जांच कराने को कहा। उन्होंने सभी जल कनेक्शनों को सुचारु रखने तथा खेल परिसरों के रखरखाव को नियमित रूप से मॉनिटर करने के निर्देश दिए।

जिलाधिकारी ने कहा कि आधुनिक खेल अवसंरचना का विकास केवल खिलाड़ियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह जनपद में खेल संस्कृति को मजबूत करने की दिशा में भी महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निरीक्षण के दौरान दिए गए सभी निर्देशों का समयबद्ध अनुपालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

निरीक्षण के दौरान जिला क्रीड़ा अधिकारी जयबीर रावत, डीएसटीओ राम सलोने, अधिशासी अभियंता लोक निर्माण विभाग विवेक सेमवाल, कनिष्ठ अभियंता वैभव चन्दोला सहित अन्य अधिकारी एवं कोच उपस्थित रहे।

उच्च व तकनीकी शिक्षा में सभी अटैचमेंट होंगे समाप्त – डॉ. धन सिंह रावत

देहरादून। प्रदेश के उच्च शिक्षा एवं तकनीकी शिक्षा विभाग में शिक्षकों एवं शिक्षणेत्तर कर्मचारियों के सभी प्रकार की सम्बद्धताओं (अटैचमेंट) को समाप्त किया जाएगा। साथ ही विभिन्न संस्थानों एवं विभागों में प्रतिनियुक्ति पर गये कार्मिकों की भी वापसी सुनिश्चित की जाएगी। इस संबंध में विभागीय अधिकारियों को ठोस निर्देश दे दिए गए हैं।

सूबे के उच्च शिक्षा एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि दोनों विभागों में बड़ी संख्या में शिक्षक एवं कर्मचारी अपने मूल तैनाती स्थलों के बजाय अन्य महाविद्यालयों, विश्वविद्यालयों एवं विभागों में सम्बद्ध अथवा प्रतिनियुक्ति पर कार्यरत हैं। इससे महाविद्यालयों व पॉलीटेक्निक संस्थानों में शैक्षणिक गतिविधियों के संचालन के साथ-साथ प्रशासनिक व्यवस्थाओं पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है।

डॉ. रावत ने स्पष्ट किया कि विद्यालयी शिक्षा विभाग की तर्ज पर उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग में भी अटैचमेंट व्यवस्था को समाप्त किया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि वार्षिक स्थानांतरण से पहले सभी प्रकार की सम्बद्धताओं को समाप्त करते हुए संबंधित शिक्षकों एवं कर्मचारियों को उनके मूल तैनाती स्थलों पर भेजा जाए।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य सभी शिक्षण संस्थानों में मानव संसाधनों का संतुलित एवं पारदर्शी उपयोग सुनिश्चित करना है, ताकि विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराया जा सके तथा संस्थानों की कार्यप्रणाली अधिक प्रभावी बन सके।

डॉ रावत ने प्रतिनियुक्ति पर गये कार्मिकों की समीक्षा कर विभागीय अधिकारियों को आवश्यकतानुसार उन्हें शीघ्र मूल तैनाती पर वापस भेजने की कार्रवाई करने के निर्देश दिये हैं।

 

उत्तराखंड : बद्रीनाथ हनुमान चट्टी में टेंपो ट्रैवलर पलटी, 19 यात्री घायल

चमोली। बद्रीनाथ से मेरठ जा रही एक टेंपो ट्रैवलर शनिवार को हनुमान चट्टी क्षेत्र में अनियंत्रित होकर सड़क पर पलट गई। हादसे में वाहन सवार 19 लोग घायल हो गए। सूचना मिलते ही राहत एवं बचाव कार्य शुरू कर दिया गया।

संयोगवश दुर्घटना के समय उसी मार्ग से गुजर रही फायर सर्विस ज्योतिर्मठ की टीम ने बिना देरी किए मौके पर पहुंचकर मोर्चा संभाला। फायर कर्मियों ने स्थानीय लोगों के सहयोग से वाहन में फंसे सभी घायलों को सुरक्षित बाहर निकाला और उन्हें तत्काल अस्पताल पहुंचाने की व्यवस्था की।

घायलों को फायर सर्विस के वाहन तथा अन्य निजी वाहनों के माध्यम से उपचार के लिए निकटवर्ती चिकित्सालय भेजा गया। दुर्घटना में घायल 19 लोगों में से 3 को सामान्य चोटें आई हैं, जबकि 16 घायलों को उपचार के लिए जेपीएस अस्पताल, लामबगड़ में भर्ती कराया गया है।

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार 4 से 5 यात्रियों को अपेक्षाकृत गंभीर चोटें आई हैं। सभी घायलों का अस्पताल में उपचार जारी है। दुर्घटना के कारणों की जांच की जा रही है।

फायर सर्विस और स्थानीय लोगों की तत्परता से सभी घायलों को समय रहते राहत एवं उपचार उपलब्ध कराया गया, जिससे बड़ा नुकसान टल गया।