अपराधियों के हौसले बुलंद, देहरादून में वकील की गोली मारकर हत्या

देहरादून। राजधानी देहरादून में अपराधियों के हौसले एक बार फिर बुलंद नजर आए। शिमला बायपास रोड स्थित बुड्ढी गांव में रविवार देर रात अज्ञात हमलावरों ने एक युवक की गोली मारकर हत्या कर दी। मृतक की पहचान साहिल उर्फ सोहेल के रूप में हुई है, जो पेशे से अधिवक्ता बताया जा रहा है। घटना के बाद क्षेत्र में दहशत का माहौल है।

जानकारी के अनुसार, साहिल देर रात अपने घर पर भाई के साथ मौजूद था। इसी दौरान कुछ हमलावर सुनियोजित तरीके से वहां पहुंचे और साहिल को निशाना बनाते हुए फायरिंग कर दी। गोली लगने से वह गंभीर रूप से घायल हो गया। परिजनों और स्थानीय लोगों ने उसे बचाने का प्रयास किया, लेकिन अत्यधिक रक्तस्राव के कारण उसकी मौके पर ही मौत हो गई। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। गोली चलने की आवाज सुनकर आसपास के लोग घरों से बाहर निकल आए, जिसके बाद पूरे क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। सूचना पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रमेंद्र सिंह डोभाल समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पटेलनगर थाना पुलिस ने क्षेत्र की घेराबंदी कर साक्ष्य जुटाने शुरू कर दिए हैं।  पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है और हमलावरों की पहचान के प्रयास किए जा रहे हैं। प्रारंभिक जांच में हत्या के पीछे पुरानी रंजिश समेत विभिन्न पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है। हालांकि पुलिस अधिकारियों ने अभी हत्या के कारणों को लेकर कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है।

गौरतलब है कि जिले में यह घटना ऐसे समय सामने आई है, जब एक दिन पहले ही सहसपुर क्षेत्र के बैरागीवाला गांव में भाजपा नेता विनोद कुमार की हत्या के बाद कानून-व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं। लगातार सामने आ रही आपराधिक घटनाओं ने पुलिस की चुनौतियां बढ़ा दी हैं। पुलिस का कहना है कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर घटना का खुलासा किया जाएगा।

उत्तराखंड : अंकिता भंडारी प्रकरण से जुड़े ऑडियो-वीडियो मामले में BJP के पूर्व विधायक सुरेश राठौर गिरफ्तार

देहरादून। भाजपा के पूर्व विधायक सुरेश राठौर को डालनवाला पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून प्रमेन्द्र सिंह डोभाल ने गिरफ्तारी की पुष्टि की है। राठौर का नाम उन मामलों में सामने आया है, जिनमें अंकिता भंडारी हत्याकांड से जुड़े कथित ऑडियो और वीडियो क्लिप सोशल मीडिया पर प्रसारित किए जाने के आरोप लगाए गए हैं।

पुलिस के अनुसार, सुरेश राठौर और अभिनेत्री उर्मिला सनावर के खिलाफ हरिद्वार के झबरेड़ा और बहादराबाद थाना क्षेत्रों के साथ-साथ देहरादून के नेहरू कॉलोनी और डालनवाला थानों में अलग-अलग प्राथमिकी दर्ज की गई थीं। शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि सोशल मीडिया पर प्रसारित ऑडियो-वीडियो सामग्री के माध्यम से कुछ भाजपा नेताओं के संबंध में आपत्तिजनक दावे किए गए, जिससे उनकी प्रतिष्ठा और सार्वजनिक छवि को नुकसान पहुंचा।

विवाद उस समय गहरा गया जब सोशल मीडिया पर वायरल कुछ ऑडियो और वीडियो क्लिप में अंकिता भंडारी हत्याकांड के कथित “वीआईपी” कनेक्शन को लेकर दावे किए गए। इन क्लिप्स को लेकर राजनीतिक और कानूनी बहस तेज हो गई थी। शिकायतकर्ताओं ने आरोप लगाया कि सामग्री सुनियोजित तरीके से प्रसारित कर उनकी छवि धूमिल करने का प्रयास किया गया। इस बीच, उत्तराखंड उच्च न्यायालय ने हाल ही में इन मामलों से संबंधित चार एफआईआर में से दो को निरस्त कर दिया था, जबकि दो अन्य मामलों में जांच जारी रखने की अनुमति दी थी। अदालत ने कहा था कि शेष मामलों की जांच जारी रहेगी और तथ्यों का परीक्षण विवेचना के दौरान किया जाएगा।

गौरतलब है कि अंकिता भंडारी प्रकरण से जुड़े वायरल ऑडियो-वीडियो सामने आने के बाद सुरेश राठौर और उर्मिला सनावर दोनों विभिन्न जांच एजेंसियों और पुलिस की जांच के दायरे में रहे हैं। पुलिस का कहना है कि मामले में विधिक प्रक्रिया के तहत आगे की कार्रवाई की जा रही है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, गिरफ्तारी के बाद आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा रही है और मामले की जांच जारी है।