श्री हेमकुंड साहिब यात्रा की तैयारियां तेज, सेना और ट्रस्ट की संयुक्त टीम ने किया पैदल मार्ग का निरीक्षण

​गोविंदघाट : विश्व प्रसिद्ध सिख तीर्थ स्थल श्री हेमकुंड साहिब की वार्षिक यात्रा को सुगम और सुरक्षित बनाने के लिए भारतीय सेना और गुरुद्वारा ट्रस्ट ने कमर कस ली है। रविवार, 5 अप्रैल को भारतीय सेना के जवानों और गुरुद्वारा हेमकुंड साहिब मैनेजमेंट ट्रस्ट के सेवादारों की एक संयुक्त टीम ने गोविंदघाट से धाम तक के पैदल मार्ग का विस्तृत निरीक्षण (रेकी) किया। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि धाम परिसर में अभी भी 5 से 6 फीट तक बर्फ जमी हुई है, जबकि मुख्य पड़ाव अटलाकोटी ग्लेशियर पॉइंट पर भी भारी मात्रा में हिमखंड मौजूद हैं।

​राहत की बात यह है कि पिछले दस दिनों में हुई ताजा बर्फबारी नरम है, जिसके जल्द पिघलने की उम्मीद जताई जा रही है। मार्ग को श्रद्धालुओं के लिए खोलने हेतु भारतीय सेना की टुकड़ी 15 अप्रैल के बाद गोविंदघाट से रवाना होगी, जो दुर्गम रास्तों और ग्लेशियरों को काटकर रास्ता तैयार करेगी। ट्रस्ट के अधिकारियों के अनुसार, यदि आगामी दिनों में मौसम साफ रहता है और धूप खिलती है, तो बर्फ हटाने का कार्य तेजी से संपन्न हो सकेगा।

​हिमालय की गोद में स्थित हेमकुंड साहिब अपनी अलौकिक सुंदरता और आध्यात्मिक शांति के लिए जाना जाता है। बर्फ से ढकी चोटियों और पवित्र सरोवर के बीच स्थित इस धाम की यात्रा इस वर्ष 23 मई 2026 से शुरू होने जा रही है। यात्रा का पहला जत्था 20 मई को ऋषिकेश से पूरे उत्साह के साथ रवाना किया जाएगा। गुरुद्वारा ट्रस्ट और सेना के अधिकारियों ने साझा बयान में कहा कि प्रशासन और प्रबंधन के बीच बेहतर समन्वय सुनिश्चित किया जा रहा है, ताकि देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो और उनकी यात्रा निर्विघ्न संपन्न हो सके।

मानसिक रूप से कमजोर गुमशुदा महिला को उसके परिजनों से मिलाया

कोटद्वार। जनपद पौड़ी के कोटद्वार में लापता हुई एक महिला को पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सकुशल बरामद कर उसके परिजनों के सुपुर्द कर दिया। महिला के मिलने पर परिजनों ने पुलिस का आभार व्यक्त किया।

प्राप्त जानकारी के अनुसार 30 मार्च 2026 को वादी ने कोतवाली कोटद्वार में तहरीर देकर बताया कि उसकी चाची शोभा देवी (48 वर्ष), निवासी नींबूचौड़ कोटद्वार, सुबह घर से बिना बताए कहीं चली गई हैं। परिजनों के अनुसार उनकी मानसिक स्थिति ठीक नहीं है। शिकायत के आधार पर पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज कर महिला की तलाश शुरू कर दी।

पुलिस टीम ने आसपास के क्षेत्रों में सघन खोजबीन के साथ-साथ विभिन्न स्थानों के सीसीटीवी कैमरों की जांच की और मुखबिर तंत्र को भी सक्रिय किया। इसी दौरान महिला के दुगड्डा क्षेत्र में देखे जाने की सूचना मिली, जिस पर पुलिस ने तत्काल वहां तलाश की, लेकिन उस समय महिला का पता नहीं चल सका।

बाद में आज सुबह महिला के दोबारा कोटद्वार क्षेत्र में घूमने की सूचना मिलने पर पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए उसे ढूंढ निकाला और सुरक्षित उसके परिजनों के सुपुर्द कर दिया। महिला के सकुशल मिलने पर परिजनों ने पुलिस की तत्परता और संवेदनशीलता की सराहना करते हुए आभार व्यक्त किया।

डीएम सविन बंसल की क्यूआरटी ने नगर निगम देहरादून क्षेत्र अंतर्गत व्यावसायिक प्रतिष्ठानों से 04 घरेलू गैस सिलेंडर जब्त

देहरादून। जिलाधिकारी सविन बंसल के निर्देशों के क्रम में जनपद में एलपीजी गैस की कालाबाजारी पर प्रभावी रोक लगाने हेतु गठित क्विक रिस्पॉन्स टीम (क्यूआरटी) द्वारा सतत प्रवर्तन कार्यवाही की जा रही है।

इसी क्रम में आज नगर निगम देहरादून क्षेत्र में विभिन्न व्यावसायिक प्रतिष्ठानों पर निरीक्षण करते हुए कुल 04 घरेलू गैस सिलेंडर जब्त किए गए जिला प्रशासन द्वारा प्रसारित 1077, 0135-2626066, 2726066 और व्हाट्सएप नंबर 7534826066 के माध्यम से कुल 09 शिकायतें एलपीजी गैस की आपूर्ति के सम्बन्ध में दर्ज हुई है, वही कंट्रोलरूम में मौजूद जिला खाद्य पूर्ति विभाग, देहरादून में एलपीजी गैस की आपूर्ति, सिलेंडर उपलब्धता या अन्य किसी प्रकार की समस्या को लेकर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार जिले में आज लगभग 15009 अधिक उपभोक्ताओं को घरेलू तथा 1972 उपभोक्ताओं को व्यवसायिक गैस सिलेंडर की आपूर्ति की गई है। एलपीजी का घरेलू 31654 तथा व्यवसायिक का 4653 स्टॉक उपलब्ध है। घरेलू के साथ ही व्यवसायिक एलपीजी गैस सिलेंडर का लोड निंरतर बढाया जा रहा है।

रूडकी : रहमतपुर में संघ का पथ संचलन, गणवेशधारी स्वयंसेवकों का फूलवर्षा से स्वागत

रूडकी : राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ द्वारा रहमतपुर में पथ संचलन का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में गणवेशधारी स्वयंसेवकों ने भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान संघ की विचारधारा, कार्यपद्धति और समाज में उसकी भूमिका पर विस्तार से प्रकाश डाला गया। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ द्वारा रहमतपुर में आयोजित कार्यक्रम के अंतर्गत भव्य पथ संचलन निकाला गया। इस अवसर पर लगभग तीन सौ गणवेशधारी स्वयंसेवकों ने संघ घोष की ताल के साथ अनुशासित ढंग से गांव में संचलन किया। पथ संचलन के दौरान गांववासियों ने फूलवर्षा कर स्वयंसेवकों का स्वागत किया और उनके अनुशासन व संगठनात्मक क्षमता की सराहना की।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विभाग कार्यवाह लोकेन्द्र जी ने कहा कि आत्मविस्मृत, आत्मकेन्द्रित और आत्मशून्य हो चुके हिन्दू समाज को संगठित कर भारत माता को परम वैभव पर पहुंचाने के उद्देश्य से लगभग सौ वर्ष पूर्व डॉ. केशव राव बलिराम हेडगेवार ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की स्थापना की थी। उन्होंने कहा कि चैत्र शुक्ल वर्ष प्रतिपदा डॉ. हेडगेवार का जन्मदिवस है और संघ को सही मायनों में जानने के लिए शाखा में आना आवश्यक है।

उन्होंने कहा कि शाखा समाज परिवर्तन का आधार है और समाज के सशक्त होने से ही देश का भाग्य उदय होता है। संघ का उद्देश्य स्व के आधार पर संगठित, गुणवान और समरस हिन्दू समाज का निर्माण करना है। उन्होंने बताया कि वर्ष 1925 में डॉ. हेडगेवार द्वारा स्थापित संघ आज शताब्दी वर्ष की ओर अग्रसर है और देशभर में सेवा के क्षेत्र में लगभग एक लाख तीस हजार सेवा कार्य संचालित किए जा रहे हैं।

लोकेन्द्र ने कहा कि शिक्षा, सामाजिक, सांस्कृतिक, धार्मिक और विभिन्न अन्य क्षेत्रों में संघ के स्वयंसेवक राष्ट्रवादी विचारधारा को आगे बढ़ाते हुए भारत माता की सेवा कर रहे हैं। उन्होंने स्वयंसेवकों से आह्वान किया कि वे प्रत्येक कार्य को राष्ट्रभाव से करें। उन्होंने संघ की सौ वर्षों की यात्रा का उल्लेख करते हुए बताया कि प्रारंभिक दौर में उपहास और विरोध का सामना करने के बावजूद आज समाज में संघ की व्यापक स्वीकार्यता बढ़ी है। देश में आई विभिन्न आपदाओं जैसे बाढ़, भूकंप और कोरोना महामारी के दौरान संघ के स्वयंसेवकों ने सेवा कार्यों में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।

उन्होंने बताया कि संघ पर तीन बार प्रतिबंध भी लगाए गए, लेकिन संगठन अपने ध्येय—भारत माता को परम वैभव पर पहुंचाने—के संकल्प के साथ निरंतर आगे बढ़ता रहा। आज संघ विश्व का सबसे बड़ा सामाजिक संगठन बन चुका है, जो सर्वव्यापी, सर्वस्पर्शी और सर्वग्राही रूप में कार्य कर रहा है।

कार्यक्रम में सामाजिक समरसता, कुटुंब प्रबोधन, पर्यावरण संरक्षण, जल संरक्षण, नागरिक कर्तव्य और स्व के बोध जैसे पंच परिवर्तन के विषयों को समाज में व्यवहार में लाने की आवश्यकता पर भी बल दिया गया। इस अवसर पर जिला प्रचारक जितेन्द्र सहित बड़ी संख्या में स्वयंसेवक और स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।

महर्षि कश्यप जयंती पर भव्य शोभायात्रा, उमड़ा जन सैलाब, जगह-जगह पर हुआ भव्य स्वागत

हरिद्वार । महर्षि कश्यप के जन्मोत्सव के अवसर पर ग्राम जियापोता से पंजनहेड़ी ,अजीतपुर तक एक भव्य शोभायात्रा निकाली गई। इस विशाल शोभायात्रा में हजारों की संख्या में कश्यप समाज के लोग शामिल हुए। पूरे मार्ग में समाज के लोगों के उत्साह, एकजुटता और आस्था का अद्भुत नजारा देखने को मिला।

शोभायात्रा का शुभारंभ केंद्रीय मंत्री के सलाहकार नीरज कश्यप तथा हरियाणा के इंद्री के विधायक राम कुमार कश्यप ने हरी झंडी दिखाकर किया। शोभायात्रा जियापोता से शुरू होकर पहुंची, जहां इसका भव्य समापन हुआ।यात्रा के दौरान जगह-जगह भव्य स्वागत किया गया। खास बात यह रही कि दलित समाज सहित अन्य कई समाजों के लोगों ने भी शोभायात्रा का जोरदार स्वागत कर सामाजिक सौहार्द और भाईचारे का संदेश दिया। पूरे मार्ग पर पुष्पवर्षा, जलपान और स्वागत द्वारों के माध्यम से श्रद्धालुओं का अभिनंदन किया गया।

अजीतपुर में आयोजित विशाल भंडारे में करीब 5000 से अधिक लोगों ने भोजन प्रसाद ग्रहण किया। आयोजन स्थल पर भारी भीड़ और अनुशासित व्यवस्था ने कार्यक्रम को और भी भव्य बना दिया।इस अवसर पर नीरज कश्यप ने कहा कि यह आयोजन कश्यप समाज की एकजुटता का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि आज हजारों की संख्या में कश्यप समाज के लोग सड़कों पर उतरकर सृष्टि रचयिता महर्षि कश्यप जी की जयंती मना रहे हैं, जो समाज की बढ़ती जागरूकता और संगठन शक्ति को दर्शाता है।

कार्यक्रम के दौरान कश्यप दल के बलराम कश्यप, अरुण कश्यप, लक्ष्मण कश्यप, विनोद कश्यप सहित अन्य पदाधिकारियों ने बाहर से आए अतिथियों और समाज के लोगों का स्वागत किया। इस दौरान प्रखर कश्यप, अनुज कश्यप, दीपक कश्यप, मनीष कश्यप, विपिन कश्यप, नरेंद्र कश्यप, मायाराम कश्यप, विजेंद्र कश्यप, प्रहलाद कश्यप, शिवम कश्यप,रोहित कश्यप, सुभाष कश्यप, ऋतिक कश्यप, मोहित कश्यप, लोकेश कश्यप, अनुकूल कश्यप, टीनू कश्यप, नरेश कश्यप, अभिषेक कश्यप, अंकुश कश्यप, बिशनपुर कुंडी के ग्राम प्रधान सन्नी कुमार, तथा चमन पाल सहित हजारों की संख्या में समाज के लोग मौजूद रहे। महर्षि कश्यप जन्मोत्सव पर निकली इस भव्य शोभायात्रा ने न केवल समाज की एकता और शक्ति का प्रदर्शन किया, बल्कि विभिन्न समाजों की सहभागिता ने इसे सामाजिक समरसता और भाईचारे का उत्सव भी बना दिया।

यूजीसी के प्रस्तावित नियमों पर जन सामान्य मंच की बैठक, ‘काला कानून’ बताते हुए विरोध का ऐलान

हरिद्वार। जन सामान्य मंच की महत्वपूर्ण बैठक में देश और समाज से जुड़े ज्वलंत मुद्दों पर गंभीर विचार-विमर्श किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में मंच के कार्यकर्ताओं और बुद्धिजीवियों ने भाग लिया और अपने विचार साझा किए।

बैठक की अध्यक्षता करते हुए डॉ. प्रेमचन्द शास्त्री ने जन सामान्य मंच की भूमिका को समाज में जागरूकता फैलाने के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में जब विभिन्न नीतियों और कानूनों को लेकर आम जनता में भ्रम और असंतोष का माहौल है, तब ऐसे मंचों की जिम्मेदारी और भी बढ़ जाती है।

मुख्य वक्ता जुगुल किशोर तिवारी ने अपने संबोधन में विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) द्वारा प्रस्तावित नियमों को “काला कानून” बताते हुए इसकी कड़ी आलोचना की। उन्होंने कहा कि यह कानून शिक्षा व्यवस्था को कमजोर कर सकता है और छात्रों तथा शिक्षकों के हितों के खिलाफ है। उन्होंने सरकार से अपील की कि ऐसे निर्णयों को लागू करने से पहले व्यापक जनसंवाद किया जाए। उन्होंने यह भी कहा कि किसी भी पार्टी की सरकार सामान्य वर्ग के विषय में सोचने के लिए संवेदनशील नहीं है।

राष्ट्रीय महामंत्री एडवोकेट राजेन्द्र पाण्डेय ने कानूनी दृष्टिकोण से इस विषय पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यदि कोई कानून जनहित के विरुद्ध हो, तो उसका विरोध लोकतांत्रिक अधिकार है। उन्होंने कहा कि यूजीसी के इस प्रस्तावित ढांचे में कई ऐसी खामियां हैं जो शिक्षा की गुणवत्ता को प्रभावित कर सकती हैं और छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ कर सकती हैं।

इंजीनियर विनोद प्रसाद नौटियाल ने अपने वक्तव्य में तकनीकी और व्यावहारिक दृष्टिकोण से इस मुद्दे को समझाया। उन्होंने कहा कि शिक्षा केवल डिग्री तक सीमित नहीं है, बल्कि यह राष्ट्र निर्माण की नींव है। यदि इस नींव में ही खामियां होंगी, तो देश का भविष्य भी प्रभावित होगा। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे जागरूक बनें और अपने अधिकारों के लिए आवाज उठाएं। अन्य वक्ताओं में पं. पद्म प्रकाश शर्मा, डॉ. नरेश मोहन एवं डॉ. वी.डी. शर्मा अपने विचार रखते हुए समाज में एकता की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि आज के समय में जाति, धर्म और क्षेत्र के आधार पर समाज को बांटने की कोशिशें हो रही हैं, जिनका मुकाबला केवल एकजुट होकर ही किया जा सकता है। जन सामान्य मंच के कार्यकर्ताओं ने संकल्प लिया कि वे गांव-गांव और शहर-शहर जाकर लोगों को इस मुद्दे पर जागरूक करेंगे।

बैठक का संचालन करते हुए बालकृष्ण शास्त्री ने कहा कि यूजीसी के कथित “काला कानून” का लोकतांत्रिक तरीके से विरोध जारी रहेगा और साथ ही समाज में एकता और जागरूकता को बढ़ावा दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि यह बैठक न केवल एक विचार-विमर्श का मंच बनी है, बल्कि समाज में सकारात्मक बदलाव की दिशा में एक मजबूत पहल भी साबित हुई है।

इस मौके पर सूर्य प्रकाश भट्ट, सुरेश कुमार शर्मा, इंजीनियर महिपाल सिंह, ललित पांडे, शेखर शुक्ला, सरिता त्रिपाठी, अरुण शमार्, कार्तिक गिरी, प्रमोद शर्मा, ब्रिज प्रकाश गुप्ता, इंद्रपाल शमार्, आकाश शुक्ला, विनोद मित्तल, लोकेश भारद्वाज, ऐश्वर्या पांडे, विवेक तिवारी, अरुण सिंह, अंशु गुप्ता, मुकेश भल्ला, संजय कुमार गोयल, विनीत, दिनेश पांडे, निशकांत शुक्ला, मानसी मिश्रा, शिव कुमार पांडे, एसपी नौटियाल, परिवर्तन शुक्ला, त्रिलोक सिंह, शैलेंद्र सिंह, दीपक नौटियाल, एलजी रतूड़ी, प्रवण कुमार, गुलशन खत्री, रविंद्र शर्मा, विनोद कुमार त्रिपाठी, डॉक्टर जितेंद्र सिंह, ऋषि शर्मा, कार्तिक गिरी, हर्ष प्रकाश काला, हिमांशु बहुगुणा, चंद्र किशोर दुबे, पंकज शर्मा, लव कुमार, दीपा तिवारी, ललित मिश्रा, मनोज गुप्ता, राज तिवारी सहित सैकडों लोग उपस्थित रहे।

जिला प्रशासन की कार्रवाई जारी; डोईवाला व विकासनगर में व्यावसायिक प्रतिष्ठानों से 09 घरेलू गैस सिलेंडर जब्त

देहरादून : जिलाधिकारी सविन बंसल के निर्देशों के क्रम में जनपद में एलपीजी गैस की कालाबाजारी पर प्रभावी रोक लगाने हेतु गठित क्विक रिस्पॉन्स टीम (क्यूआरटी) द्वारा सतत प्रवर्तन कार्यवाही की जा रही है। इसी क्रम में आज डोईवाला एवं विकासनगर क्षेत्र में विभिन्न व्यावसायिक प्रतिष्ठानों पर निरीक्षण करते हुए कुल 09 घरेलू गैस सिलेंडर जब्त किए गए।

जिलाधिकारी के निर्देशन में क्यूआरटी टीम द्वारा जनपद स्थित गैस एजेंसियों एवं पेट्रोल पंपों का नियमित निरीक्षण किया जा रहा है, जिससे गैस वितरण प्रणाली में पारदर्शिता एवं सुचारु आपूर्ति सुनिश्चित की जा सके।

जिला पूर्ति अधिकारी के.के. अग्रवाल द्वारा आज शहर क्षेत्र में विभिन्न गैस एजेंसियों एवं पेट्रोल पंपों का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान बडोवाला स्थित बालाजी रिटेल आउटलेट पेट्रोल पंप का भी जायजा लिया गया।

इस दौरान हीरा गैस एजेंसी से अन्य एजेंसियों पर गैस कनेक्शन ट्रांसफर किए जाने की प्रक्रिया के संबंध में इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (आईओसीएल) के अधिकारियों से वार्ता की गई। जिला पूर्ति अधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी एजेंसियों पर उपभोक्ताओं की संख्या के अनुरूप पर्याप्त मात्रा में एलपीजी गैस सिलेंडरों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए, जिससे आमजन को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।

जिलाधिकारी ने कहा कि गैस की कालाबाजारी, अवैध भंडारण एवं घरेलू सिलेंडरों के व्यावसायिक उपयोग के विरुद्ध सख्त कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी। इसमें लिप्त पाए जाने वाले व्यक्तियों एवं प्रतिष्ठानों के खिलाफ नियमानुसार कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।

एलपीजी गैस की कालाबाजारी रोकने तथा शतप्रतिशत् होमडिलिविरी सुनिश्चित करवाने के जिलाधिकारी सविन बसंल के निर्देशों के अनुपालन में जिले में क्षेत्रवार क्यूआरटी टीम गठित की गई है। क्यूआरटी टीम आज क्षेत्रवार गैस एजेंसियों के निरीक्षण करते हुए एलपीजी गैस की मांग, आपूर्ति आदि सभी गतिविधियों देखी।

जिला प्रशासन द्वारा प्रसारित 1077, 0135-2626066, 2726066 और व्हाट्सएप नंबर 7534826066 के माध्यम से कुल 20 शिकायतें एलपीजी गैस की आपूर्ति के सम्बन्ध में दर्ज हुई है, वही कंट्रोलरूम में मौजूद जिला खाद्य पूर्ति विभाग, देहरादून में एलपीजी गैस की आपूर्ति, सिलेंडर उपलब्धता या अन्य किसी प्रकार की समस्या को लेकर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है। प्राप्त जानकारी के अनुसार जिले में आज लगभग 15987 अधिक उपभोक्ताओं को घरेलू तथा 874 उपभोक्ताओं को व्यवसायिक गैस सिलेंडर की आपूर्ति की गई है। एलपीजी का घरेलू 30492 तथा व्यवसायिक का 4283 स्टॉक उपलब्ध है। घरेलू के साथ ही व्यवसायिक एलपीजी गैस सिलेंडर का लोड निंरतर बढाया जा रहा है।

कपाट खुलने से पहले बद्रीनाथ धाम की तैयारियों पर सवाल, विधायक बुटोला ने जताई नाराजगी

बद्रीनाथ। विश्व प्रसिद्ध भगवान बद्री विशाल के कपाट खुलने की तिथि नजदीक आते ही धाम में अव्यवस्थाओं को लेकर राजनीति गरमाने लगी है। बद्रीनाथ विधानसभा के विधायक लखपत सिंह बुटोला ने धाम का दौरा कर यात्रा व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान तैयारियों की बेहद सुस्त रफ्तार और चारों तरफ फैली अव्यवस्थाओं को देखकर उन्होंने कड़ी नाराजगी जताई।

​विधायक ने मीडिया से रूबरू होते हुए कहा कि 23 अप्रैल को भगवान बद्री विशाल के कपाट खुलने जा रहे हैं, लेकिन प्रशासन और संबंधित विभाग अब तक नींद से नहीं जागे हैं। उन्होंने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि धाम के महत्वपूर्ण ब्रह्मकपाल तीर्थ के पंडा-पुरोहितों के घर अब तक तैयार नहीं हो पाए हैं। इसके अतिरिक्त, मास्टर प्लान के तहत मंदिर के चारों ओर की गई बेतरतीब खुदाई से पूरी जगह मलबे और गड्ढों में तब्दील हो गई है, जिससे यात्रियों के लिए आवाजाही बेहद चुनौतीपूर्ण हो जाएगी।

​विधायक बुटोला ने चेतावनी दी है कि यात्रा शुरू होने में अब बहुत कम समय शेष है और यदि समय रहते सुधार नहीं हुआ तो देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि वे जल्द ही इस गंभीर विषय पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मुलाकात करेंगे और धाम की वर्तमान स्थिति से उन्हें अवगत कराते हुए जल्द कार्रवाई की मांग करेंगे।

खतरनाक चट्टान से उतरने को मजबूर महिलाएं, सिंहधार वार्ड में पुश्तैनी रास्ता टूटा, ग्रामीणों में आक्रोश

ज्योतिर्मठ : ज्योतिर्मठ के सिंहधार वार्ड में विकास और व्यवस्थाओं की भारी अनदेखी महिलाओं की जान पर भारी पड़ रही है। बद्रीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर जोगीधारा के समीप दो साल पहले हुई सड़क कटिंग ने दशकों पुराने पुश्तैनी रास्ते को पूरी तरह तहस-नहस कर दिया, जिसे आज तक ठीक नहीं किया गया। आलम यह है कि शशि देवी, आशा देवी और शांति देवी जैसी दर्जनों महिलाएं जान जोखिम में डालकर रोजाना जंगल से घास का भारी बोझ लेकर इसी खतरनाक चट्टान से उतरने को मजबूर हैं; स्थिति इतनी भयावह है कि महिलाओं को पहले अपने घास के गट्ठर को ऊपर से नीचे सड़क पर फेंकना पड़ता है और फिर मौत को मात देते हुए खुद चट्टान से नीचे उतरना पड़ता है। बीआरओ और स्थानीय प्रशासन की इस घोर लापरवाही के खिलाफ ग्रामीणों में भारी आक्रोश है, क्योंकि बार-बार गुहार लगाने के बाद भी न तो सुरक्षा दीवार बनी और न ही रास्ते का पुनर्निर्माण हुआ। हालांकि, अब उप जिलाधिकारी चंद्रशेखर वशिष्ठ ने जल्द बैठक कर समस्या के समाधान का आश्वासन दिया है, लेकिन स्थानीय महिलाओं के लिए हर गुजरता दिन एक नई अग्निपरीक्षा बना हुआ है।

“जीते जी रक्तदान, जाते-जाते अंगदान” अभियान के तहत रक्तदान शिविर आयोजित, 73 लोगों ने किया रक्तदान

कोटद्वार : विमला-कुंदन सेवाग्राम एवं आधारशिला रक्तसमूह, कोटद्वार के तत्वावधान में स्वर्गीय कुणाल रावत (मृत्योपरांत अंगदानी) एवं स्वर्गीय मोहित चावला, पूर्व वरिष्ठ प्रोफेसर एवं जन संपर्क अधिकारी की स्मृति में “जीते जी रक्तदान जाते जाते अंगदान” जनजागरण जागरण अभियान के अंतर्गत 5 अप्रैल 2026 को बाल भारती सीनियर सेकेंडरी स्कूल, मोटाढाक में श्रद्धांजलि स्वरूप स्वैच्छिक रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया।

 

विमला कुंदन सेवाग्राम ट्रस्ट के मुख्य ट्रस्टी गिरिराज सिंह रावत ने स्पष्ट किया कि इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य समाज में रक्तदान एवं अंगदान के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाना है तथा जरूरतमंद मरीजों को समय पर रक्त एवं अंग-प्रत्यारोपण संकल्पित कराना है। बाल भारती की NSS इकाई के स्वयंसेवियों द्वारा विगत 12 वर्षों से रक्तदान-अंगदान शिविर में सक्रिय भागीदारी निभाई जा रही है। इस अवसर पर NSS के मंडलीय कार्यक्रम संयोजक पुष्कर सिंह नेगी द्वारा विद्यालय NSS इकाई का रक्तदान व अंगदान हेतु किए कार्यों की सराहना की।

विमला-कुंदन सेवाग्राम ट्रस्ट, भारत सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के राष्ट्रीय अंग एवं उत्तक प्रत्यारोपण संगठन (NOTTO) की अंगदान जागरूकता हेतु हितधारक सहयोगी संस्था है। अबतक 216 लोगों को NOTTO के साथ पंजीकरण कराकर अंगदान हेतु संकल्पित कर चुकी है। इस आयोजन का सुखद पहलू यह रहा कि आज भी 21 लोगों ने अंगदान संकल्प हेतु पंजीकरण कराया है एवं उन्हें NOTTO द्वारा जारी संकल्प पंजीकरण पत्र सौंपे गए।

कार्यक्रम के शुभारंभ पर आधारशिला रक्तसमूह के संचालक एवं वरिष्ट समाजसेवी रक्तपुरुष दलजीत सिंह ने “जीते जी रक्तदान जाते जाते अंगदान” जनजागरण अभियान की सफलता को प्रेरणादायक पहल बताया। इसी दौरान विमला-कुंदन सेवग्राम की अनुजा मरणोपरांत सम्पूर्ण देहदानी स्वर्गीय चंद्रकांता रावत जिनके अंगदान से आठ अंग जरुरतमन्द लोगों को नया जीवन उपहार में मिला तथा कोटद्वार के मृत्योपरांत नेत्रदान कर दृष्टिहीन लोगों दिव्य ज्योति प्रदान करने वाले स्व० कुणाल रावत, स्व० मदन मोहन सुन्द्रियाल, स्व० अशोक भाटिया, स्व० सुदेश भाटिया एवं स्व० विमला भाटिया को श्रद्धा सुमन अर्पित कर उनके परिवारों द्वारा की गई अतुलनीय मानव सेवाभाव को याद किया गया।

इस अवसर पर श्री महंत इंद्रेश हॉस्पिटल देहरादून के सहयोग से आयोजित स्वैच्छिक रक्तदान शिविर में 100 रक्तदान हेतु पंजीकृत हुए जिसमे से 73 लोगों ने सफलता पूर्वक रक्तदान किया। श्री महंत इंद्रेश हॉस्पिटल देहरादून से समन्वयक एवं शिविर प्रबंधक अमित चंद्रा, डॉ पंखुड़ी, टेक्निशियन कुलदीप, आदित्य, सुहालिया, क्लर्क अमिता, विकास, शक्ति व सूरज आदि ने रक्तदान शिविर संचालन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

मुख्य ट्रस्टी गिरिराज सिंह रावत एवं बाल भारती स्कूल के प्रधानाचार्या हिमानी रावत ने स्वैच्छिक रक्तदान शिविर को सफल बनाने के लिए सभी युवा एवं महिला रक्तदाताओं, रक्तप्रेरकों, समाजसेवी संगठनों, आधारशिला के स्वयंसेवकों तथा बाल भारती परिवार तथा राष्ट्रीय स्वयं सेवकों के सहयोग हेतु विशेष आभार व्यक्त किया गया।

“जीते जी रक्तदान जाते जाते अंगदान जनजागरण अभियान में आधारशिला के सतीश मौर्य, रवींद्र भारद्वाज,  देवभूमि पहल के अध्यक्ष शिवम नेगी, शंकर बहादुर थापा, प्रदीप बड़ोला, संदीप बिष्ट, नितिन दिवाकर व कणव किरण संस्था के डॉ प्रियवंद मिश्रा, सारांश जखवाल, गौरव व VSHIL के स्वयं सेवकों तथा UK Drive के कर्मचारियों के सहयोग के प्रति कृतज्ञता प्रकट की।