श्रद्धालुओं के लिए खुले गंगोत्री और यमुनोत्री धाम के कपाट
  • प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नाम से दोनों धामों में की गई पहली पूजा।
  • गंगोत्री धाम में कपाटोद्घाटन के अवसर पर मुख्यमंत्री ने की विशेष पूजा-अर्चना।
  • सुरक्षित और सुव्यवस्थित चारधाम यात्रा के लिए राज्य में किये गये हैं व्यापक प्रबंध- मुख्यमंत्री ।

उत्तरकाशी। गंगोत्री और यमुनोत्री धाम के कपाट रविवार को अक्षय तृतीया के पावन पर्व पर वैदिक मंत्रोच्चारण और पूजा-अर्चना के साथ श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खोल दिए गए। इसके साथ ही उत्तराखण्ड की चारधाम यात्रा 2026 का भी शुभारंभ हो गया है। दोनों धामों में प्रधानमंत्री के नाम से पहली पूजा की गई। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गंगोत्री धाम में कपाटोद्घाटन समारोह में संकल्प लेकर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नाम से पहली पूजा की और चारधाम यात्रा के सफल आयोजन तथा देश-प्रदेश की सुख समृद्धि एवं खुशहाली की मंगल कामना की है।

धार्मिक परंपराओं के अनुसार रविवार को मां गंगा की उत्सव डोली भैरव घाटी स्थित भैरव मंदिर से चलकर गंगोत्री धाम पहुंची। गंगोत्री धाम में विशेष पूजा-अभिषेक के साथ 12 बजकर 15 मिनट पर गंगोत्री मंदिर के कपाट श्रद्धालुओं के लिए खोले गये। मां यमुना की डोली शनिदेव महाराज की अगुवाई में शीतकालीन प्रवास स्थल खरसाली से चलकर यमुनोत्री धाम पहुंची। धार्मिक विधि- विधान के साथ 12 बजकर 35 मिनट पर यमुनात्री धाम के कपाट श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खोले गए।

गंगोत्री धाम के कपाटोद्घाटन समारोह में प्रतिभाग करते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मॉं गंगा के मंदिर में शीश नवाया और विशेष पूजा-अर्चना की और देव डोली से आशीष भी प्राप्त किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पावन अक्षय तृतीया के शुभ अवसर पर चारधाम यात्रा का विधिवत शुभारंभ हो चुका है। उत्तराखण्ड के चारधाम देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए आस्था के प्रमुख केन्द्र हैं, और इन दिव्य धामों के दर्शन का सौभाग्य प्राप्त करने की इच्छा हर श्रद्धालु के हृदय में रहती है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सुरक्षित, सुव्यवस्थित और सुगम चारधाम यात्रा के लिए राज्य सरकार द्वारा व्यापक और सुदृढ़ व्यवस्थाएँ की गई हैं। श्रद्धालुओं की सुविधा को सर्वोपरि रखते हुए सभी आवश्यक मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने के प्रयास किए गए हैं। साथ ही, यात्रा मार्गों पर सुचारु यातायात प्रबंधन पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का प्रयास है कि देवभूमि उत्तराखण्ड में आने वाले प्रत्येक श्रद्धालु को दिव्य धामों का आशीर्वाद प्राप्त होने के साथ-साथ यात्रा का एक सुखद, सुरक्षित और अविस्मरणीय अनुभव मिले। उन्होंने सभी श्रद्धालुओं से ग्रीन और क्लीन चारधाम यात्रा के सफल आयोजन हेतु सहयोग की अपील करते हुए स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण के प्रति सजग रहने का आग्रह भी किया।

इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री प्रदीप बत्रा, विधायक सुरेश चौहान,पूर्व विधायक विजयपाल सजवाण, दायित्वधारी प्रताप पंवार, जिलाधिकारी उत्तरकाशी प्रशान्त आर्य,एसपी कमलेश उपाध्याय, एडीएम मुक्ता मिश्रा,मुख्यमंत्री के गढ़वाल कोर्डिनेटर किशोर भट्ट,मंदिर समिति के अध्यक्ष धर्मांनंद सेमवाल,सचिव सुरेश सेमवाल सहित अन्य जनप्रतिनिधि,अधिकारी एवं मंदिर समिति के पदाधिकारी उपस्थित रहे।

22 अप्रैल को प्रातः 08 बजे शुभ मुहूर्त में खुलेंगे केदारनाथ धाम के कपाट, डोली यात्रा शुरू
  • 22 अप्रैल को प्रातः 08 बजे शुभ मुहूर्त में खुलेंगे केदारनाथ धाम के कपाट
  • भव्य सजावट, कड़े सुरक्षा प्रबंध और उत्साह के साथ शुरू हुई पवित्र डोली यात्रा

रुद्रप्रयाग। आस्था और श्रद्धा के प्रतीक भगवान श्री केदारनाथ जी की पंचमुखी चल विग्रह उत्सव डोली आज शीतकालीन गद्दीस्थल ओंकारेश्वर मंदिर, ऊखीमठ से विधिवत पूजा-अर्चना एवं वैदिक मंत्रोच्चार के बीच केदारनाथ धाम के लिए रवाना हो गई। परंपरागत रीति-रिवाजों के अनुसार मंदिर की परिक्रमा के उपरांत डोली ने अपने गंतव्य की ओर प्रस्थान किया। डोली प्रस्थान के दौरान पूरा क्षेत्र “हर-हर महादेव” के जयघोष से गूंज उठा। श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह देखने को मिला और बड़ी संख्या में भक्त डोली के साथ पैदल यात्रा पर भी निकले। डोली प्रस्थान से पूर्व ओंकारेश्वर मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं का भारी जनसमूह उमड़ा, जहां भक्तों ने पुष्प वर्षा कर बाबा केदार का आशीर्वाद प्राप्त किया।

मंदिर परिसर को लगभग आठ कुंतल फूलों से भव्य रूप से सजाया गया, जिससे वातावरण पूर्णतः भक्तिमय हो उठा। पूर्व परंपरा के अनुसार शनिवार रात्रि को भैरवनाथ जी की पूजा-अर्चना भी संपन्न की गई। निर्धारित यात्रा कार्यक्रम के अनुसार डोली ऊखीमठ से प्रस्थान कर गुप्तकाशी पहुंचेगी, जहां श्री विश्वनाथ मंदिर में श्रद्धालुओं को दर्शन देने हेतु अल्प विश्राम किया जाएगा। इसके पश्चात डोली फाटा के लिए प्रस्थान करेगी, जहां रात्रि विश्राम निर्धारित है। आगामी 20 अप्रैल को डोली फाटा से प्रस्थान कर गौरीकुंड स्थित गौरीमाई मंदिर पहुंचेगी, जहां रात्रि विश्राम किया जाएगा।

21 अप्रैल को प्रातः गौरीकुंड से प्रस्थान कर डोली श्री केदारनाथ धाम पहुंचेगी और मंदिर भंडार में विराजमान होगी। तत्पश्चात 22 अप्रैल 2026 को प्रातः 08:00 बजे शुभ मुहूर्त में वैदिक मंत्रोच्चार एवं विधि-विधान के साथ श्री केदारनाथ धाम के कपाट श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खोल दिए जाएंगे, जिसके साथ ही विश्व प्रसिद्ध श्री केदारनाथ यात्रा 2026 का विधिवत शुभारंभ होगा।

जिलाधिकारी रुद्रप्रयाग एवं मुख्य कार्याधिकारी बी.के.टी.सी. विशाल मिश्रा ने जानकारी देते हुए बताया कि मा० मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार डोली यात्रा एवं इस यात्रा सीजन के लिए व्यापक तैयारियां की गई हैं। सुरक्षा, यातायात प्रबंधन एवं अन्य व्यवस्थाओं के लिए सेक्टर मजिस्ट्रेटों की तैनाती कर दी गई है। साथ ही स्वास्थ्य सेवाएं, पेयजल, विद्युत, सड़क एवं पैदल मार्गों का सुदृढ़ीकरण, बर्फ हटाने सहित सभी आवश्यक व्यवस्थाएं लगभग पूर्ण कर ली गई हैं, जिससे श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।

विधायक केदारनाथ आशा नौटियाल ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा श्रद्धालुओं की सुविधा हेतु समुचित व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई हैं। सभी संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं ताकि यात्रा सुचारू, सुरक्षित एवं सफलतापूर्वक संपन्न हो सके। पूरे क्षेत्र में भक्तिमय वातावरण के बीच श्रद्धालुओं में बाबा केदार के प्रति गहरी आस्था एवं उत्साह स्पष्ट रूप से देखने को मिल रहा है।

सीएम धामी ने नमामि गंगे के तहत बने अखंड परमधाम घाट का किया लोकार्पण

नमामि गंगे योजना द्वारा निर्मित अखंड परम धाम गंगा घाट का मुख्यमंत्री ने किया लोकार्पण

हरिद्वार। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अक्षय तृतीया के पावन अवसर पर आयोजित अखण्ड परमधाम गंगा घाट के लोकार्पण समारोह एवं स्वामी परमानन्द गिरि जी महाराज की 71वीं संन्यास जयंती के उपलक्ष्य में आयोजित कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर देशभर से पधारे संत-महात्माओं एवं श्रद्धालुओं का स्वागत एवं अभिनंदन किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह आयोजन केवल एक घाट के लोकार्पण का अवसर नहीं, बल्कि सनातन संस्कृति, आस्था और आध्यात्मिक चेतना के निरंतर प्रवाह का प्रतीक है। उन्होंने स्वामी परमानन्द गिरि जी महाराज के जीवन को तप, त्याग और साधना का अनुपम उदाहरण बताते हुए कहा कि उनके विचारों एवं शिक्षाओं ने समाज को सेवा, करुणा और मानव कल्याण के मार्ग पर अग्रसर किया है।

मुख्यमंत्री ने परमपूज्या साध्वी ऋतम्भरा जी के योगदान का उल्लेख करते हुए कहा कि उनका संपूर्ण जीवन राष्ट्र एवं सनातन संस्कृति के प्रति समर्पण का प्रेरणास्रोत है। उन्होंने कहा कि संतों का सानिध्य समाज को सही दिशा प्रदान करता है और आध्यात्मिक मूल्यों को सुदृढ़ बनाता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत की सनातन संस्कृति को वैश्विक स्तर पर नई पहचान मिली है। उन्होंने राम मंदिर निर्माण, केदारनाथ एवं बद्रीनाथ धाम के पुनर्निर्माण, काशी विश्वनाथ कॉरिडोर एवं महाकाल लोक जैसे कार्यों का उल्लेख करते हुए कहा कि देश की सांस्कृतिक धरोहरों के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए निरंतर कार्य किए जा रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार उत्तराखण्ड को विश्व की आध्यात्मिक राजधानी के रूप में स्थापित करने के लिए प्रतिबद्ध है। इस दिशा में केदारखंड एवं मानसखंड मंदिर क्षेत्रों के विकास, हरिद्वार-ऋषिकेश कॉरिडोर, शारदा कॉरिडोर तथा यमुनातीर्थ स्थल के पुनरुद्धार जैसे महत्वपूर्ण कार्य किए जा रहे हैं। साथ ही दून विश्वविद्यालय में ‘सेंटर फॉर हिन्दू स्टडीज’ की स्थापना भी की गई है। उन्होंने राज्य सरकार द्वारा समान नागरिक संहिता लागू करने, धर्मांतरण विरोधी कानून, तथा अवैध अतिक्रमण के विरुद्ध की गई कार्रवाइयों का उल्लेख करते हुए कहा कि सरकार प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत एवं जनसंख्या संतुलन को सुरक्षित रखने के लिए संकल्पबद्ध है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि समाज के समग्र विकास के लिए आध्यात्मिक मूल्यों का सुदृढ़ होना आवश्यक है। उन्होंने सभी से संतों के आदर्शों को अपने जीवन में अपनाने तथा राष्ट्र निर्माण में सक्रिय योगदान देने का आह्वान किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि आज अक्षय तृतीया के शुभ अवसर पर चारधाम यात्रा का शुभारभ किया जा रहा है आज मां यमुना एवं मां गंगा के कपाट देश विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए खोले जा रहे है,उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि चार धाम पर आने वाले यात्रियों की यात्रा सुगम, सुव्यवस्थित एवं सुरक्षित संचालित हो,इसके लिए सरकार पूरी तरह से तैयार है तथा आने वाले तीर्थयात्रियों के लिए सभी सुविधाएं एवं व्यवस्थाएं चाक चौबंद की गई है तथा आने वाले सभी तीर्थयात्रियों का चारों धामों के दर्शन सुगमता से कराना सरकार की प्राथमिकता है।

इस अवसर पर पूज्य स्वामी बालकानंद जी महाराज, पूज्य बीकानेर स्वामी विशोकानन्द भारती जी महाराज, योग ऋषि पूज्य स्वामी रामदेव जी महाराज,साध्वी ऋतंभरा (दीदी मां), पूज्य स्वामी महाराज अविचल दास जी, अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत रवींद्र पूरी महाराज,निरंजनी अखाड़े के आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी कैलाशानंद गिरि महाराज, आचार्य स्वामी ज्योतिर्यानंद गिरी महाराज,पूज्य स्वामी मुनि जी महाराज, महंत ज्ञानदेव सिंह जी महाराज ,चिदानंद मुनि जी महाराज, पूज्य आचार्य बालकृष्ण जी महाराज, स्वामी अनंत देव जी महाराज, पूज्य बाबा निर्मल दास जी महाराज, जितेंद्रानंद सरस्वती महाराज, अध्यक्ष राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग पूज्य साध्वी निरंजन ज्योति जी, महामंडलेश्वर पूज्य स्वामी हरिचेतनानंद जी महाराज, महामंडलेश्वर पूज्य आत्मानंद मुनि जी महाराज, महामंडलेश्वर ज्योतिर्मयानंद जी महाराज,राष्ट्रीय मंत्री हिंदू परिषद अशोक तिवारी, पंचायतीराज एवं आपदा प्रबंधन मंत्री मदन कौशिक जी, परिवहन मंत्री प्रदीप बत्रा, जिलाधिकारी मयूर दीक्षित,वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नवनीत सिंह भुल्लर,मुख्य नगर आयुक्त नंदन कुमार,एसपी सिटी अभय प्रताप सिंह सहित देशभर से आए संत महात्मा एवं श्रद्धालु मौजूद रहे।

युवा सेवा दल का रक्तदान शिविर, धस्माना ने किया शुभारंभ

देहरादून : सामाजिक कार्यों में सक्रिय युवा सेवा दल द्वारा आयोजित रक्तदान शिविर का शुभारंभ प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ उपाध्यक्ष सूर्यकांत धस्माना ने दीप प्रज्वलित कर किया। इस अवसर पर कार्यक्रम की अध्यक्षता देहरादून के पूर्व मेयर सुनील उनियाल गामा ने की।

कार्यक्रम में संस्था के अध्यक्ष संजीव मिनोचा, अमीचंद सोनकर सहित अन्य पदाधिकारी एवं स्वयंसेवक मौजूद रहे। दीप प्रज्वलन के साथ शुरू हुए इस शिविर में बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लेकर रक्तदान किया।

मुख्य अतिथि सूर्यकांत धस्माना ने अपने संबोधन में कहा कि रक्तदान को महादान की श्रेणी में रखा जाता है, क्योंकि इससे किसी जरूरतमंद का जीवन बचाया जा सकता है। उन्होंने युवा सेवा दल के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रकार के आयोजन समाज में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करते हैं और जरूरतमंदों को मदद पहुंचाते हैं।

कार्यक्रम अध्यक्ष सुनील उनियाल गामा ने कहा कि रक्तदान शिविर स्वास्थ्य सेवाओं के लिए बेहद महत्वपूर्ण योगदान है। उन्होंने ऐसे सामाजिक संगठनों के प्रयासों को प्रोत्साहित करने की आवश्यकता पर बल दिया।

बदरीनाथ यात्रा को लेकर फील्ड में उतरे प्रभारी मंत्री, व्यवस्थाओं की ली जानकारी

गोपेश्वर (चमोली)। बदरीनाथ धाम की यात्रा शुरू होने में अब मात्र चार दिन शेष रह गए हैं। रविवार को जनपद के प्रभारी मंत्री भरत सिंह चौधरी ने कमेड़ा से बदरीनाथ धाम तक यात्रा मार्ग का स्थलीय निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने लैंडस्लाइड जोन में युद्ध स्तर पर कार्य करने के निर्देश देते हुए कहा कि यात्रियों की सुविधा सर्वोपरि है और सभी कार्य गुणवत्ता व समयबद्धता के साथ पूरे किए जाएं।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशों के क्रम में प्रभारी मंत्री ने यात्रा मार्ग के सुधारीकरण कार्यों में तेजी लाने पर जोर दिया। उन्होंने कमेड़ा से बदरीनाथ धाम तक राष्ट्रीय राजमार्ग का निरीक्षण करते हुए संबंधित कार्यदायी संस्थाओं को यात्रा को सुगम, सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने के निर्देश दिए। साथ ही अधिकारियों को सभी कार्य निर्धारित समयसीमा के भीतर पूर्ण करने के लिए कहा, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो। इस दौरान उन्होंने कमेड़ा, नंदप्रयाग, पागलनाला, भनेरपानी और टंगड़ी के संवेदनशील लैंडस्लाइड जोन में एनएचआईडीसीएल द्वारा किए जा रहे कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने इन क्षेत्रों में अधिक मशीनरी और मैनपावर तैनात कर कार्यों को शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए।

बीआरओ के अधिशासी अभियंता को मारवाड़ी के आगे हाथीपहाड़ क्षेत्र सहित अन्य क्षतिग्रस्त स्थानों पर सड़क सुधार कार्य तेजी से करने को कहा गया। वहीं पीआईयू (पीडब्ल्यूडी) के अधिकारियों को बदरीनाथ धाम में मास्टर प्लान से जुड़े कार्यों को समय पर पूरा करने और गति बढ़ाने के निर्देश दिए गए।

प्रभारी मंत्री ने कहा कि यात्रा मार्गों पर किसी भी प्रकार की बाधा को तत्काल दूर किया जाए और संभावित आपदा स्थलों पर पहले से तैयारी रखते हुए सतर्कता बरती जाए। साथ ही विभागों के बीच बेहतर समन्वय बनाकर कार्यों को प्रभावी ढंग से संचालित करने पर जोर दिया। उन्होंने वैश्विक परिस्थितियों के चलते एलपीजी आपूर्ति में आ रही चुनौतियों के समाधान के लिए किए जा रहे वैकल्पिक इंतजामों की जानकारी भी दी, ताकि यात्रा के दौरान आवश्यक सेवाएं निर्बाध रूप से मिलती रहें।

इस दौरान थराली विधायक भूपाल राम टम्टा, कर्णप्रयाग विधायक अनिल नौटियाल, भाजपा जिला अध्यक्ष गजपाल बत्र्वाल, एनएचआईडीसीएल के जीएम शादाब इमाम, पीआईयू (पीडब्ल्यूडी) के अधिशासी अभियंता योगेश मनराल, बीआरओ के अधिशासी अभियंता केटी राव, कर्णप्रयाग के एसडीएम सोहन सिंह रागण, चमोली के एसडीएम आरके पांडेय, जोशीमठ के एसडीएम चंद्रशेखर वशिष्ठ समेत जनपद स्तरीय अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।

गंगोत्री और यमुनोत्री धाम के कपाट श्रद्धालुओं के लिए खुले, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नाम से दोनों धामों में की गई पहली पूजा
  • गंगोत्री धाम में कपाटोद्घाटन के अवसर पर मुख्यमंत्री ने की विशेष पूजा-अर्चना।
  • सुरक्षित और सुव्यवस्थित चारधाम यात्रा के लिए राज्य में किये गये हैं व्यापक प्रबंध- मुख्यमंत्री ।

देहरादून। गंगोत्री और यमुनोत्री धाम के कपाट रविवार को अक्षय तृतीया के पावन पर्व पर वैदिक मंत्रोच्चारण और पूजा-अर्चना के साथ श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खोल दिए गए। इसके साथ ही उत्तराखण्ड की चारधाम यात्रा 2026 का भी शुभारंभ हो गया है। दोनों धामों में प्रधानमंत्री के नाम से पहली पूजा की गई। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गंगोत्री धाम में कपाटोद्घाटन समारोह में संकल्प लेकर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नाम से पहली पूजा की और चारधाम यात्रा के सफल आयोजन तथा देश-प्रदेश की सुख समृद्धि एवं खुशहाली की मंगल कामना की है।

धार्मिक परंपराओं के अनुसार रविवार को मां गंगा की उत्सव डोली भैरव घाटी स्थित भैरव मंदिर से चलकर गंगोत्री धाम पहुंची। गंगोत्री धाम में विशेष पूजा-अभिषेक के साथ 12 बजकर 15 मिनट पर गंगोत्री मंदिर के कपाट श्रद्धालुओं के लिए खोले गये। मां यमुना की डोली शनिदेव महाराज की अगुवाई में शीतकालीन प्रवास स्थल खरसाली से चलकर यमुनोत्री धाम पहुंची। धार्मिक विधि- विधान के साथ 12 बजकर 35 मिनट पर यमुनात्री धाम के कपाट श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खोले गए।

गंगोत्री धाम के कपाटोद्घाटन समारोह में प्रतिभाग करते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मॉं गंगा के मंदिर में शीश नवाया और विशेष पूजा-अर्चना की और देव डोली से आशीष भी प्राप्त किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पावन अक्षय तृतीया के शुभ अवसर पर चारधाम यात्रा का विधिवत शुभारंभ हो चुका है। उत्तराखण्ड के चारधाम देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए आस्था के प्रमुख केन्द्र हैं, और इन दिव्य धामों के दर्शन का सौभाग्य प्राप्त करने की इच्छा हर श्रद्धालु के हृदय में रहती है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सुरक्षित, सुव्यवस्थित और सुगम चारधाम यात्रा के लिए राज्य सरकार द्वारा व्यापक और सुदृढ़ व्यवस्थाएँ की गई हैं। श्रद्धालुओं की सुविधा को सर्वोपरि रखते हुए सभी आवश्यक मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने के प्रयास किए गए हैं। साथ ही, यात्रा मार्गों पर सुचारु यातायात प्रबंधन पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का प्रयास है कि देवभूमि उत्तराखण्ड में आने वाले प्रत्येक श्रद्धालु को दिव्य धामों का आशीर्वाद प्राप्त होने के साथ-साथ यात्रा का एक सुखद, सुरक्षित और अविस्मरणीय अनुभव मिले। उन्होंने सभी श्रद्धालुओं से ग्रीन और क्लीन चारधाम यात्रा के सफल आयोजन हेतु सहयोग की अपील करते हुए स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण के प्रति सजग रहने का आग्रह भी किया।

इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री प्रदीप बत्रा, विधायक सुरेश चौहान,पूर्व विधायक विजयपाल सजवाण,

दायित्वधारी प्रताप पंवार, जिलाधिकारी उत्तरकाशी प्रशान्त आर्य,एसपी कमलेश उपाध्याय, एडीएम मुक्ता मिश्रा,मुख्यमंत्री के गढ़वाल कोर्डिनेटर किशोर भट्ट,मंदिर समिति के अध्यक्ष धर्मांनंद सेमवाल,सचिव सुरेश सेमवाल सहित अन्य जनप्रतिनिधि,अधिकारी एवं मंदिर समिति के पदाधिकारी उपस्थित रहे।

डीएम सविन बंसल के निर्देशन में काली बस्ती सहस्त्रधारा रोड पर छापेमारी; 7 सिलेंडर जब्त

देहरादून : जिलाधिकारी सविन बंसल के निर्देशन में जनपद में एलपीजी गैस की कालाबाजारी एवं अवैध भंडारण/रिफिलिंग के विरुद्ध जिला प्रशासन द्वारा सघन अभियान लगातार जारी है। इसी क्रम में जिला प्रशासन की क्विक रिस्पॉन्स टीम (क्यूआरटी) द्वारा आज देर शाम काली बस्ती, सहस्त्रधारा रोड क्षेत्र में एक मकान पर छापेमारी की गई।

छापेमारी के दौरान उक्त मकान की छत (टेरिस) पर कुल 7 गैस सिलेंडर पाए गए, जिनमें 4 व्यावसायिक सिलेंडर (भारत एवं एचपी कंपनी के) तथा 3 घरेलू सिलेंडर (इंडियन ऑयल कंपनी के) शामिल हैं। जांच में पाया गया कि 4 में से 3 व्यावसायिक सिलेंडर आंशिक रूप से भरे हुए थे, जबकि घरेलू सिलेंडरों में 1 भरा हुआ एवं 2 खाली अवस्था में मिले।

प्रथम दृष्टया यह मामला घरेलू गैस के अवैध भंडारण एवं संभावित कालाबाजारी से संबंधित प्रतीत होने पर सभी 7 सिलेंडरों को तत्काल प्रभाव से सीज कर लिया गया। जब्त किए गए सिलेंडरों को विधिक कार्यवाही के तहत जीवन ज्योति गैस सर्विस, कैनाल रोड, किशनपुर, देहरादून की सुपुर्दगी में दिया गया है।

जिला प्रशासन द्वारा संबंधित व्यक्ति के विरुद्ध आवश्यक वस्तु अधिनियम एवं अन्य प्रासंगिक धाराओं के अंतर्गत विधिक कार्यवाही की जा रही है। गैस आपूर्ति श्रृंखला में किसी भी प्रकार की अनियमितता एवं अवैध गतिविधियों का पूर्णतः निराकरण किया जा सके। जिला प्रशासन के साथ निर्देश है कि जनपद में गैस की कालाबाजारी, अवैध रिफिलिंग एवं अनधिकृत भंडारण किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस प्रकार की गतिविधियों में संलिप्त पाए जाने वाले व्यक्तियों के विरुद्ध कठोरतम कार्यवाही सुनिश्चित की जाएगी। जिला प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि यदि कहीं भी गैस की कालाबाजारी या अवैध रिफिलिंग की जानकारी मिले तो तत्काल प्रशासन को सूचित करें, जिससे समय रहते प्रभावी कार्यवाही सुनिश्चित की जा सके।

प्रसिद्ध समाजसेवी वैद्य टेक वल्लभ ने बढ़ाया उत्तराखंड का मान, नेशनल अवार्ड से सम्मानित
  • दिल्ली के पांच सितारा होटल में आयोजित कार्यक्रम में आयुर्वेद और कम्युनिटी हेल्थ एक्सीलेंस श्रेणी में मिला सम्मान

रुड़की : उत्तराखंड के रुड़की निवासी प्रसिद्ध समाजसेवी वैद्य टेक वल्लभ ने एक बार फिर प्रदेश का नाम राष्ट्रीय स्तर पर रोशन किया है। दिल्ली में आयोजित एक भव्य समारोह में उन्हें आयुर्वेद और सामुदायिक स्वास्थ्य के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए नेशनल अवार्ड से सम्मानित किया गया।

राजधानी दिल्ली के एक पांच सितारा होटल में काइट्स क्राफ्ट प्रोडक्शंस की ओर से आयोजित कार्यक्रम में देशभर के विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट समाज सेवा करने वाले व्यक्तियों को नेशनल अवार्ड प्रदान किए गए। इस प्रतिष्ठित समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में Suresh Raina और Madan Lal मौजूद रहे, जिनके करकमलों द्वारा सम्मान पत्र एवं स्मृति चिन्ह प्रदान किए गए।

इस दौरान उत्तराखंड के रुड़की से वैद्य टेक वल्लभ को आयुर्वेद एवं कम्युनिटी हेल्थ एक्सीलेंस कैटेगरी में नेशनल अवार्ड से सम्मानित किया गया। इस उपलब्धि से न केवल रुड़की बल्कि पूरे उत्तराखंड का नाम राष्ट्रीय स्तर पर गौरवान्वित हुआ है।

कार्यक्रम में अंतरराष्ट्रीय स्तर के कई गणमान्य अतिथि भी उपस्थित रहे, जिनमें नाइजर, चाड, कैमरून और टोगो के राजनयिक शामिल थे। साथ ही वृंदावन के संत पूज्यपाद श्री विष्णु भक्त दास का सानिध्य कार्यक्रम को आध्यात्मिक ऊंचाई प्रदान करता रहा।

इसके अतिरिक्त मदर’स प्राइड और प्रेसीडियम ग्रुप ऑफ स्कूल्स की चेयरपर्सन सुधा गुप्ता, पर्सनल डेवलपमेंट और कॉन्फिडेंस कोच अनुकृति शर्मा तथा ग्लोबल ह्यूमैनिटेरियन लीडर डॉ. बसंत गोयल सहित कई प्रमुख वक्ताओं ने अपने प्रेरणादायक विचार साझा किए।

कार्यक्रम में देश-विदेश से आए सैकड़ों बुद्धिजीवी, समाजसेवी, उद्योगपति और प्रतिभाशाली व्यक्तियों की उपस्थिति ने आयोजन को और भी भव्य बना दिया।

फेसबुक फ्रेंडशिप बनी ठगी का जाल, आरोपी रुड़की से गिरफ्तार

गोपेश्वर (चमोली)। चमोली ज़िले में सोशल मीडिया पर फेसबुक फ्रेंडशिप के जरिए ठगी का एक मामला सामने आया है। इसमें फर्जी आर्मी जवान बनकर एक युवक ने युवती को प्रेम जाल में फंसाकर ब्लैकमेल किया और उससे एक लाख रुपये ठग लिए। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को रुड़की से गिरफ्तार कर लिया है।

कोतवाली कर्णप्रयाग में 17 अप्रैल को पीड़िता ने शिकायत दर्ज कराई कि वर्ष 2024 में उसकी फेसबुक के माध्यम से रुड़की निवासी एक युवक से मित्रता हुई थी। वर्ष 2025 में दोनों की मुलाकात रुड़की रेलवे स्टेशन पर हुई, जहां युवक ने अपना नाम कुलदीप भंडारी बताते हुए स्वयं को आर्मी में कार्यरत बताया।

युवती आरोपी के झांसे में आ गई और उसने अपनी निजी फोटो व वीडियो उसके साथ साझा कर दी। इसके बाद आरोपी ने इन फोटो-वीडियो को सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी देकर पीड़िता को ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया। डर के चलते पीड़िता ने आरोपी के खाते में एक लाख रुपये ट्रांसफर कर दिए।

मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक सुरजीत सिंह पंवार ने तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। इसके बाद कोतवाली कर्णप्रयाग में मामला दर्ज कर आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम गठित की गई। पुलिस उपाधीक्षक कर्णप्रयाग त्रिवेंद्र सिंह राणा और प्रभारी निरीक्षक विनोद थपलियाल के नेतृत्व में टीम ने तकनीकी साक्ष्यों और इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस के आधार पर आरोपी की लोकेशन रुड़की क्षेत्र के ढंडेरा में ट्रेस की।

पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए ढंडेरा निवासी कुलदीप भंडारी (22) को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी को अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट कर्णप्रयाग के न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।

डीएम सविन बंसल के निर्देश पर अवैध गैस कारोबार पर बड़ी कार्रवाई; 32 सिलेंडर, 4 गैस रिफिलिंग उपकरण जब्त, 327 सिलेंडरों से लदा वाहन कब्जे में, मुकदमा दर्ज
  • निरंजनपुर सब्जी मंडी के समीप सिद्ध पीठ प्राचीन मंदिर के निकट बंद पेट्रोल पंप के कमरे में की जा रही थी गैस रिफिलिंग
  • पेट्रोल पंप पर 327 गैस सिलेंडर लदा वाहन UP17BT0390 लिया कब्जे में,
  • गैस सिलेंडर की कालाबाजारी अवैध रिफिलिंग पर रात्रि 12:00 बजे से सुबह 4:00 तक चली जिला प्रशासन क्यूआरटी की छापेमारी

देहरादून। जनपद में एलपीजी गैस की कालाबाजारी, अवैध भंडारण एवं रिफिलिंग पर प्रभावी अंकुश लगाने हेतु जिलाधिकारी सविन बंसल के निर्देशों के क्रम में जिला प्रशासन द्वारा सख्त कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में जिला प्रशासन की क्यूआरटी टीम द्वारा रात्रि में चलाए गए विशेष अभियान के दौरान बड़ी कार्यवाही को अंजाम दिया गया।

प्राप्त जानकारी के अनुसार निरंजनपुर सब्जी मंडी के समीप स्थित सिद्ध पीठ प्राचीन मंदिर के निकट एक बंद पड़े पेट्रोल पंप के कमरे में अवैध रूप से गैस सिलेंडरों की रिफिलिंग की जा रही थी। सूचना पर त्वरित कार्रवाई करते हुए क्यूआरटी टीम ने देर रात्रि लगभग 12:00 बजे से प्रातः 4:00 बजे तक सघन छापेमारी अभियान चलाया।

छापेमारी के दौरान मौके से कुल 27 घरेलू, 4 छोटे तथा 1 व्यावसायिक गैस सिलेंडर जब्त किए गए। इसके अतिरिक्त मौके पर एक वाहन संख्या UP17BT0390, जिसमें 327 गैस सिलेंडर लदे हुए थे, को भी कब्जे में लिया गया। कार्रवाई के दौरान वाहन चालक मौके से फरार हो गया। वाहन स्वामी से दूरभाष पर संपर्क करने पर ज्ञात हुआ कि उक्त वाहन लोनी बोटलिंग गैस प्लांट से लगभग 360 सिलेंडर लेकर निकला था।

अवैध रूप से महंगे दामों पर बेचने के उद्देश्य से रिफिलिंग किया जा रहा था। प्रथम दृष्टया यह स्पष्ट हुआ कि गैस सिलेंडरों की अवैध रिफिलिंग कर उन्हें ऊंचे दामों पर बाजार में बेचने की तैयारी की जा रही थी। यह गतिविधि न केवल आवश्यक वस्तु अधिनियम का उल्लंघन है, बल्कि जनसुरक्षा के लिए भी गंभीर खतरा उत्पन्न करती है। उक्त प्रकरण में थाना पटेल नगर में संबंधित धाराओं के अंतर्गत मुकदमा दर्ज कर लिया गया है तथा फरार आरोपियों की तलाश की जा रही है।

जिलाधिकारी सविन बंसल के निर्देश हैं कि जनपद में गैस की कालाबाजारी एवं अवैध गतिविधियों में संलिप्त किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। इस प्रकार की कार्रवाइयां आगे भी निरंतर जारी रहेंगी।