जनदर्शन में डीएम सविन बंसल का त्वरित एक्शन, 212 से अधिक शिकायतों पर मौके पर निर्णय, 82 वर्षीय दिव्यांग बुजुर्ग के पानी का बिल करवाया माफ़
  • 82 वर्षीय दिव्यांग बुजुर्ग नत्थीलाल का पानी का 31657 का बिल डीएम सविन बसंल ने करवाया माफ; वन टाइम सेटलमेंट उपरान्त रूपये 20170 राइफल फंड से जमा
  • पुत्र की मृत्यु उपरान्त 2023 से न्याय को भटकती माता मीना बसंल को मिला जिला प्रशासन का सहारा; नियोक्ता फर्म पर मुकदमा व लेबर कोर्ट में वाद दर्ज कर 02 माह के निस्तारण के सहायक श्रम आयुक्त को निर्देश
  • असहाय रोशनी रावत की 02 पुत्रियों की शिक्षा प्रोजेक्ट नंदा-सुनंदा से पुनर्जीवित
  • हर्रावाला में भू-माफियाओं ने की सरकारी नहर क्षतिग्रस्त, डीएम ने बिठाई जांच; कार्यवाही के निर्देश
  • सीएम की प्रेरणा से डीएम का जनदर्शन त्वरित एक्शन; प्रभावी निस्तारण से जनमन का अपार विश्वास; उमड़ता जनसैलाब आज शिकायत 212 पार
देहरादून : जिलाधिकारी सविन बसंल की अध्यक्षता में ऋषिपर्णा सभागार कलेक्ट्रेट में जनता दर्शन कार्यक्रम का आयोजन किया गया जनता दर्शन में आज 212 से अधिक शिकायतें प्राप्त हुई। जिलाधिकारी ने अपनी कोर टीम संग जनमानस की समस्याओं को सुनते हुए सम्बन्धित अधिकारियों को जनता दर्शन में प्राप्त शिकायतों का समयबद्ध निस्तारण करने के निर्देश दिए।
छबीलबाग कांवली रोड निवासी 82 वर्षीय दिव्यांग बुजुर्ग ने जिलाधिकारी से गुहार लगाई की उनका पुत्र 12-13 वर्षों से लापता है तथा 02 पोतों की जिम्मेदारी उनपर है घर के पानी का बिल 31657 बिल आया है उन्होंने जिलाधिकारी से बिल माफी की गुहार लगाई जिस पर जिलाधिकारी ने जल संस्थान को रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए जल संस्थान द्वारा ब्याज की धनराशि रूपये 11487, वन टाइम सेटलमेंट कराते हुए शेष धनराशि 20170 रूपये रायफल फंड से जिला प्रशासन जल संस्थान के खाते में जमा कराई जा रही है।
विकासनगर निवासी मीना बंसल ने जिलाधिकारी से गुहार लगाई कि उनके पुत्र वर्ष 2023 में डिक्शन होटल में दुर्घटना में गंभीर घायल होने पर उपचार के दौरान मृत्यु हो गई थी कम्पनी द्वारा कोई मुआवजा नही दिया गया है, जिस पर जिलाधिकारी ने एएलसी को एफआईआर दर्ज कराने तथा लेबरकोर्ट में मामला दर्ज करते हुए 02 माह के भीतर प्रकरण निस्तारित करने के निर्देश दिए।
ऋषिकेश निवासी बुजुर्ग दम्पति नीलम अरोड़ा व उनके पति ने जिलाधिकारी से गुहार लगाई कि उनकी पुत्रवधु द्वारा उनके घर में रहते हुये प्रार्थिनी एवं उसके पति के साथ अनावश्यक मारपीट करने, प्रताडित करने, गाली गलौज करने एवं जान से मारने की धमकी देते हैं जिस पर जिलाधिकारी ने एसडीएम कोर्ट ऋषिकेश में वाद भरणपोषण एक्ट में वाद दर्ज करने के निर्देश दिए।
धर्मपुर निवासी रोशनी रावत ने जिलाधिकारी ने गुहार लगाई कि उनकी पारिवारिक आर्थिक स्थिति उनकी 02 पुत्रियां है जिनकी शिक्षा-दीक्षा एवं लानपोषण में समस्या आ रही है जिस पर जिलाधिकारी ने रोशनी की दोनों पुत्रियों की शिक्षा प्रोजेक्ट नंदा-सुनंदा से कराने हेतु जिला कार्यक्रम अधिकारी बाल विकास विभाग को कार्यवाही करने के निर्देश दिए।
हर्रावाला निवासी बाबूराम मौर्य ने जिलाधिकारी से गुहार लगाई कि उनकी भूमि से लगती हुई लघु सिंचाई विभाग की सरकारी नहर कुछ व्यक्तियों द्वारा बंद कर दी गई है जिससे भूमिधरों की गेंहू की फसल में पानी नही लग पाने से फसल खराब हो रही है, नहर को जेसीबी लगाकर पूर्णतः क्षतिग्रस्त कर दिया है। जिस पर जिलाधिकारी ने अपर जिलाधिकारी, एसडीएम डोईवाला, अधि.अभि लघु सिंचाई को तत्काल कार्यवाही कराते हुए रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
जनता दर्शन में अपर जिलाधिकारी वित एवं राजस्व के.के मिश्रा, संयुक्त मजिस्ट्रेट राहुल आनंद, पुलिस अधीक्षक यातायात लोकजित सिंह, उप नगर आयुक्त नगर निगम संतोष पाण्डेय, उप जिलाधिकारी मुख्यालय कुमकुम जोशी, मुख्य शिक्षा अधिकारी विनोद कुमार ढौंडियाल, निदेशक ग्राम्य विकास अभिकरण विक्रम सिंह, जिला कार्यक्रम अधिकारी बाल विकास विभाग जितेन्द्र कुमार, जिला समाज कल्याण अधिकारी दीपांकर घिल्डियाल सहित समस्त विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
   






कुंभ मेला-2027 : मेलाधिकारी सोनिका ने की कार्यों की प्रगति की समीक्षा, अधिकारियों को सभी तैयारियों में तेजी लाने के निर्देश

हरिद्वार : कुंभ मेला-2027 की तैयारियों को समयबद्ध ढंग से पूरा करने के लिए मेलाधिकारी सोनिका ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि जिन कार्यों के लिए सैद्धांतिक सहमति दी जा चुकी है, उनके लिए औपचारिक स्वीकृति की प्रतीक्षा किए बिना तुरंत निविदा आमंत्रण की प्रक्रिया पूर्ण की जाए। साथ ही, ऐसी योजनाओं के लिए वित्तीय स्वीकृति मिलते ही कार्य प्रारंभ करने हेतु सभी तैयारियां पहले से सुनिश्चित की जाएं, ताकि सभी कार्य निर्धारित समयसीमा से पहले पूरे हो सकें। उन्होंने चेतावनी दी कि तैयारियों में किसी भी प्रकार की लापरवाही या विलंब को गंभीरता से लिया जाएगा।

कुंभ मेला-2027 की तैयारियों से जुड़े विभागों के अधिकारियों की मेला कार्यालय में आयोजित बैठक में मेलाधिकारी श्रीमती सोनिका ने स्वीकृत कार्यों की प्रगति तथा प्रस्तावित योजनाओं को लेकर विभागों की तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी विभाग पिछले कुंभ मेले में उपलब्ध कराई गई सामग्री का इस बार अनिवार्य रूप से उपयोग सुनिश्चित करें तथा अस्थायी व्यवस्थाओं में प्रयुक्त होने वाली सामग्रियों का विस्तृत विवरण प्रस्तुत करें।

उन्होंने कहा कि सभी कार्यों के औचित्य का सत्यापन कर रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए और किसी भी स्थिति में व्यवस्थाओं का दोहराव न हो। इसके लिए मेला प्रशासन एवं अन्य विभागों के अधिकारियों की टीम द्वारा क्रॉस-चेकिंग भी सुनिश्चित की जाएगी।

मेलाधिकारी ने यह भी कहा कि मेला क्षेत्र में दशकों पुराने जर्जर कुओं से जन-जीवन को खतरा हो सकता है, इसलिए ऐसे स्थानों पर सुरक्षा के प्रभावी इंतजाम किए जाएं। आगामी कांवड़ मेले से पूर्व पुलों का रंग-रोगन कराने तथा घाटों पर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के निर्देश भी दिए गए।

उन्होंने कुंभ मेला के दौरान स्वास्थ्य सेवाओं एवं स्वच्छता व्यवस्था को बेहतर बनाने पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। स्वास्थ्य विभाग को सभी सेक्टरों में पर्याप्त स्टाफ, दवाइयों और आवश्यक उपकरणों की समय से उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए कहा गया।

बैठक में अपर मेलाधिकारी दयानंद सरस्वती, उप मेलाधिकारी आकाश जोशी एवं मनजीत सिंह, मेला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मनोज वर्मा, तकनीकी सेल के अधिशासी अभियंता अनुभव नौटियाल सहित लोक निर्माण विभाग, सिंचाई, यूपीसीएल, परिवहन, ग्रामीण निर्माण विभाग, पेयजल निगम, जल संस्थान आदि विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

जनपद में सफाई अभियान के लिए तैनात किये गये नोडल अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों में संवेदनशीलता के साथ करें कार्य – सीडीओ डॉ. ललित नारायण मिश्रा
  • सफाई अभियान में किसी भी प्रकार की लापरवाही एवं शिथिलता नहीं होगी क्षम्य
  • जनपद हरिद्वार को मुख्यमंत्री के निर्देशों के अनुपालन में साफ स्वच्छ एवं सुन्दर बनाने का है लक्ष्य
  • चारधाम यात्रा पर आने वाले तीर्थयात्रीयों को साफ स्वच्छ वातावरण हो उपलब्ध
हरिद्वार : हरिद्वार को साफ स्वच्छ जनपद बनाने के लिए जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के निर्देशन में जिला कार्यालय सभागार में मुख्य विकास अधिकारी डॉ. ललित नारायण मिश्रा की अध्यक्षता में स्वच्छता में तैनात किये गये नोडल अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक आयोजित की गयी। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी ने सभी नोडल अधिकारियों को सफाई अभियान हेतु तैनात किये गये सभी नोडल अधिकारियों को निर्देश दिये है कि सफाई कार्य में कोई शिथिलता एवं लापरवाही न बरती जाय तथा सभी सम्बन्धित अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों में सफाई अभियान का कार्य संवेदनशीलता के साथ करें। उन्होंने समीक्षा के दौरान सभी अधिकारियों को निर्देश दिये है कि कई नोडल अधिकारियों द्वारा किये जा रहे सफाई कार्याें का रिपोर्ट स्वच्छता अभियान के नोडल अधिकारियों को उपलब्ध नहीं कराई जा रही जो की एक गम्भीर स्थिति है। उन्होंने सभी अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिये है कि सभी अधिकारी प्रतिदिन किये गये सफाई अभियान की सूचना कन्ट्रोल रूम के मोबाइल नं0 8273371714 पर अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें। 
उन्होंने सभी अधिकारियों से कहा कि मुख्यमंत्री के निर्देशों के अनुपालन एवं जिलाधिकारी के निर्देशन में हरिद्वार जनपद को साफ स्वच्छ एवं सुन्दर जनपद बनाना है तथा चारधाम यात्रा पर आने वाले तीर्थयात्रीयों को साफ स्वच्छ वातावरण उपलब्ध हो सके। बैठक में अपर जिलाधिकारी पीआर चौहान, सचिव एचआरडीए मनीष कुमार, उप जिलाधिकारी जितेंद्र कुमार, जिला विकास अधिकारी वेद प्रकाश, परियोजना निदेशक नलिनीत घीड़याल, जिला पर्यटन अधिकारी सुशील नौटियाल, जिला अर्थ संख्या आधिकारी नलिनी ध्यानी,नोडल अधिकारी स्वछता अभियान चंद्रकांत मणि त्रिपाठी सहित सम्बन्धित नोडल अधिकारी मौजूद रहें।
सीएम धामी के जीरो टॉलरेंस नीति के तहत भूमि धोखाधडी मामलों पर प्रशासन ने कसा शिकंजा, गढ़वाल में जमीन घोटालों पर कड़ा प्रहार, 51 मामलों का निस्तारण, 5 में एफआईआर के निर्देश
  • लैंड फ्रांड पर गढ़वाल कमिश्नर सख्तः 51 मामलों का निस्तारण, 5 में एफआईआर दर्ज
  • भूमाफियों पर कसता शिकंजा, 170 में से 77 लैंड फ्रॉड मामलों की सुनवाई पूरी
  • एक ही खसरा, दो सौदे, सुनवाई में भूमाफियों का बड़ा खेल उजागर
  • प्रशासन एक्शन मोड में, एक सप्ताह में रिपोर्ट तलब-15 दिन में फिर समीक्षा
  • आयुक्त का स्पष्ट संदेश- लंबित न रहे मामले, तुरंत करें कार्रवाई
  • भूमि धोखाधड़ी पर जीरो टॉलरेंस, अधिकारियों को अभियान मोड में कार्रवाई करने के निर्देश

देहरादून : गढ़वाल आयुक्त विनय शंकर पांडेय की अध्यक्षता में सोमवार को सर्वे चौक स्थित कैंप कार्यालय में लैंड फ्रॉड समन्वय समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में दिनांक 17 जून 2025 को आयोजित पूर्व बैठक में दिए गए निर्देशों के अनुपालन में प्राप्त आख्या की समीक्षा की गई। इस दौरान समिति द्वारा लैंड फ्रॉड से संबंधित 11 लंबित मामलों एवं 51 नवीन शिकायतों पर विचार-विमर्श एवं सुनवाई की गई। इस दौरान समिति द्वारा कुल 51 प्रकरणों का निस्तारण किया गया, जबकि 05 मामलों में प्राथमिकी (एफआईआर) दर्ज कराने के निर्देश दिए गए।

आयुक्त ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि भूमि धोखाधड़ी के मामलों को अत्यंत गंभीरता से लेते हुए त्वरित निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। जिन मामलों में संयुक्त निरीक्षण अपेक्षित है, उन्हें इसी सप्ताह पूरा कर रिपोर्ट प्रस्तुत करें। उन्होंने तहसील स्तर से प्राप्त रिपोर्टों की गहन जांच पर बल देते हुए चेतावनी दी कि भविष्य में किसी भी प्रकार की त्रुटि या विवाद पाए जाने पर संबंधित अधिकारी जिम्मेदार होंगे।

सरकारी भूमि पर अवैध कब्जा हटाए जाने के मामलों में अनिवार्य रूप से एफआईआर दर्ज कराने तथा पुलिस द्वारा प्रभावी जांच सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए। आयुक्त ने कहा कि भूमि धोखाधड़ी के विरुद्ध विशेष अभियान चलाकर मामलों का शीघ्र निस्तारण किया जाए और प्रगति रिपोर्ट तत्काल साझा की जाए। जिन प्रकरणों में भूमि धोखाधड़ी स्पष्ट रूप से परिलक्षित हो रही है, उनमें एसआईटी जांच के निर्देश भी दिए गए।

आयुक्त ने उप जिलाधिकारी सदर एवं उप जिलाधिकारी ऋषिकेश द्वारा समिति की बैठक में अनुपस्थित रहने पर कड़ी नाराजगी व्यक्त की और संबंधित अधिकारियों से स्पष्टीकरण तलब करने के निर्देश दिए। वहीं बैठक के दौरान भूमि धोखाधड़ी के एक प्रकरण में तहसीलदार द्वारा आवश्यक जानकारी प्रस्तुत न किए जाने पर आयुक्त ने कड़ा रुख अपनाते हुए तहसीलदार को तत्काल ऋषिकेश रवाना किया और एक घंटे के भीतर संपूर्ण विवरण उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। आयुक्त ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि लैंड फ्रॉड से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की शिथिलता या लापरवाही बिल्कुल भी सहन नहीं की जाएगी तथा सभी प्रकरणों में त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

बैठक में कुछ चौंकाने वाले मामले भी सामने आए। एक प्रकरण में राजस्थान निवासी व्यक्तियों द्वारा रुद्रप्रयाग में आवासीय उद्देश्य से खरीदी गई भूमि पर होटल निर्माण कर उसे आगे बेचने तथा बाद में ऋषिकेश में भी भूमि क्रय-विक्रय करने का मामला प्रकाश में आया। विधिक परीक्षण में उत्तर प्रदेश जमींदारी विनाश एवं भूमि व्यवस्था अधिनियम की धारा-154 का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित भूमि को सरकार में निहित करने तथा धारा 166 व 167 के तहत कार्रवाई करते हुए दोषियों के विरुद्ध एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए गए।

इसी प्रकार देहराखास निवासी एक अन्य मामले में विधिक राय के उपरांत आरोपियों के विरुद्ध एफआईआर दर्ज की गई। बैठक में ऐसे प्रकरण भी सामने आए, जिनमें भूमाफिया द्वारा एक ही खसरे की भूमि दो अलग-अलग व्यक्तियों को बेचने तथा कहीं और की भूमि पर कब्जा दिलाने जैसे गंभीर अनियमितताएं पाई गईं। इन मामलों में भी कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए गए। इसके अतिरिक्त कुछ मामलों में शिकायत निराधार पाई गई, जिन्हें जांच के उपरांत ड्रॉप किया गया।

लैंड फ्रॉड के कुल 170 मामलों में से अब तक 77 मामलों की सुनवाई की गई, जिनमें 51 का निस्तारण किया गया। शेष मामलों में शीघ्र कार्रवाई के लिए एक सप्ताह के भीतर रिपोर्ट तलब की गई है। आयुक्त ने कहा कि आगामी 15 दिनों के भीतर पुनः बैठक आयोजित कर शेष प्रकरणों की समीक्षा की जाएगी। ताकि वादियों को त्वरित न्याय दिया जा सके।

आयुक्त ने न्यायालय में लंबित मामलों को छोड़कर अन्य सभी प्रकरणों में विभागीय स्तर पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने तथा किसी भी भूमि संबंधी मामले को अनावश्यक रूप से लंबित न रखने के निर्देश दिए। साथ ही न्यायालय के आदेशों का शत-प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया।

लैंड फ्रॉड समन्वय समिति की बैठक में पुलिस महानिरीक्षक गढ़वाल राजीव स्वरूप, अपर आयुक्त उत्तम सिंह चौहान, एसपी (ग्रामीण) जया बलूनी, डीजीसी नितिन वशिष्ट, एसडीएम डोईवाला अपर्णा ढौंडियाल, एसडीएम कुमकुम जोशी, एसडीएम विकासनगर विनोद कुमार, संयुक्त सचिव एमडीडीए गौरव चटवाल, एसडीएम कर्णप्रयाग सोहन सिंह रांगड, एसडीएम रूद्रप्रयाग सोहन सिंह सैनी सहित वर्चुअल माध्यम से सभी संबंधित तहसीलों के वरिष्ठ अधिकारी व तहसीलदार उपस्थित थे।  







डीएम विशाल मिश्रा ने ईवीएम वीवीपैट वेयर हाउस का निरीक्षण कर सुरक्षा, सीसीटीवी निगरानी व रिकॉर्ड रखरखाव की व्यवस्था का लिया जायजा, आवश्यक सुधार के दिए निर्देश
रुद्रप्रयाग : जिला निर्वाचन अधिकारी/जिलाधिकारी रुद्रप्रयाग विशाल मिश्रा ने आज अगस्त्यमुनि स्थित बहुउद्देशीय क्रीड़ा भवन परिसर में स्थापित ईवीएम एवं वीवीपैट वेयरहाउस का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने वेयरहाउस से संबंधित विभिन्न व्यवस्थाओं की विस्तृत जानकारी ली तथा मशीनों की सुरक्षा व्यवस्था का बारीकी से अवलोकन किया।
जिलाधिकारी ने वेयरहाउस में सुरक्षित रखी गई ईवीएम एवं वीवीपैट मशीनों की सुरक्षा व्यवस्था, रिकॉर्ड के रख-रखाव, सीसीटीवी निगरानी प्रणाली तथा प्रवेश नियंत्रण व्यवस्था का निरीक्षण किया। उन्होंने एफएलसी हॉल, डबल लॉक सिस्टम सहित वेयरहाउस के विभिन्न ब्लॉकों का भी जायजा लिया और व्यवस्था की स्थिति की समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने वेयरहाउस में तैनात सुरक्षा व्यवस्था, फायर सेफ्टी उपकरणों तथा अन्य सुरक्षा प्रबंधों का भी निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि बिजली के तारों की आवश्यक मरम्मत सुनिश्चित की जाए, ताकि सुरक्षा मानकों का पूर्ण रूप से पालन किया जा सके। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि ईवीएम एवं वीवीपैट मशीनों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है, इसलिए वेयरहाउस की सभी व्यवस्थाओं को समय-समय पर जांचते हुए आवश्यक सुधार कार्य तुरंत कराए जाएं।
निरीक्षण के दौरान सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी विपिन जोशी,अधिशासी अभियंता ग्रामीण निर्माण विभाग मीनल गुलाटी सहित विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि तथा जिला निर्वाचन कार्यालय रुद्रप्रयाग के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।  



कपाट खुलने से पूर्व यात्रा से जुड़ी सभी व्यवस्थाएं समयबद्ध एवं व्यवस्थित रूप से पूर्ण करें अधिकारी – डीएम गौरव कुमार
चमोली : चारधाम यात्रा-2026 की तैयारियों को लेकर जिलाधिकारी गौरव कुमार ने सोमवार को सभी संबंधित विभागों के अधिकारियों एवं स्टेकहोल्डर्स के साथ व्यापक समीक्षा बैठक की। उन्होंने निर्देश दिए कि कपाट खुलने से पूर्व यात्रा से जुड़ी सभी व्यवस्थाएं समयबद्ध एवं व्यवस्थित रूप से पूर्ण कर ली जाएं, जिससे श्रद्धालुओं को सुरक्षित एवं सुगम यात्रा का अनुभव मिल सके।
जिलाधिकारी ने कहा कि लगातार हो रही बारिश तथा कमर्शियल गैस सिलेंडरों की आपूर्ति में आ रही चुनौतियों को देखते हुए जिला प्रशासन राज्य सरकार के साथ निरंतर समन्वय बनाकर कार्य कर रहा है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि कपाट खुलने से पूर्व सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित कर ली जाएंगी।
जिलाधिकारी ने कार्यदायी संस्थाओं एनएच,बीआरओं एनएचआईडीसीएल को चारधाम यात्रा मार्गों के सुधारीकरण कार्यों में तेजी लाने, मलबे का समुचित निस्तारण करने तथा वैकल्पिक मार्गों को भी दुरुस्त रखने के निर्देश दिए। उन्होंने यात्रा मार्गों एवं मेडिकल हेल्थ पोस्टों,बिजली, पेयजल, शौचालय सहित सभी मूलभूत सुविधाएं समय से सुचारू कर लेने के निर्देश दिए। पूर्ति विभाग को गैस एजेंसियों के साथ समन्वय स्थापित करते हुए कमर्शियल गैस की आपूर्ति पारदर्शी वितरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। साथ ही सभी सम्बंधित उपजिलाधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में कमर्शियल सिलेंडर वितरण व्यवस्था की सतत निगरानी करने की बात कही ।साथ ही पूर्ति विभाग को डीजल, पेट्रोल एवं खाद्यान्न की पर्याप्त उपलब्धता बनाए रखने निर्देश दिए ।
उन्होंने नगर निकायों एवं पंचायत क्षेत्रों को साफ-सफाई व्यवस्था सुदृढ़ करने, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन को प्रभावी बनाने तथा खुले में कूड़ा डालने वालों के विरुद्ध चालानी कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। पुलिस विभाग को चारधाम क्षेत्रों में बाहरी व्यक्तियों का शत-प्रतिशत सत्यापन करने एवं बेहतर ट्रैफिक प्लान तैयार करने को कहा गया, ताकि स्थानीय लोगों और यात्रियों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
पर्यटन विभाग को यात्रा रजिस्ट्रेशन के साथ नगर निकायों के साथ समन्वय से उपयुक्त स्थानों पर जूता स्टैंड स्थापित करने के निर्देश दिए गए। डीईओ, पीआरडी को जवानों की स्किल के अनुसार सूची उपलब्ध कराने को कहा गया, ताकि आवश्यकता अनुसार उनकी तैनाती की जा सके।उन्होंने जल संस्थान को प्रमुख स्थानों पर वाटर एटीएम स्थापित करने तथा बद्रीनाथ धाम में सीवर व्यवस्था को शीघ्र दुरुस्त करने के निर्देश दिए गए। साथ ही पेयजल व्यवस्था को लेकर विभागों के बीच बेहतर समन्वय बनाए रखने पर जोर दिया गया।
जिलाधिकारी ने परिवहन व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए आरटीओ को पर्याप्त वाहनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा अवैध रूप से संचालित प्राइवेट वाहनों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने बताया चारधाम यात्रा के सुचारू संचालन के लिए जनपद सीमा अंतर्गत कमेड़ा से बद्रीनाथ धाम तक मार्ग को विभिन्न सेक्टरों में विभाजित कर सेक्टर मजिस्ट्रेटों की तैनाती की गई है।
बैठक में पुलिस अधीक्षक सुरजीत सिंह पवार, अपर जिलाधिकारी विवेक प्रकाश, जिला पर्यटन अधिकारी अरविंद गौड़, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदकिशोर जोशी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी तथा होटल एसोसिएशन, व्यापार संघ, तीर्थ पुरोहित एवं टैक्सी यूनियन के प्रतिनिधि वर्चुअल माध्यम से भी जुड़े रहे।





टिहरी : मदननेगी में खुलेगा नया केंद्रीय विद्यालय, 2026-27 सत्र से शुरू होगी पढ़ाई

टिहरी : टिहरी वासियों के लिए खुशखबरी है। केंद्र सरकार ने टिहरी के मदननेगी में नए केंद्रीय विद्यालय की स्थापना को मंजूरी दे दी है। जिस पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने केंद्र सरकार का आभार व्यक्त किया है। 

दरअसल, केंद्रीय विद्यालय संगठन द्वारा मदननेगी में नए केन्द्रीय विद्यालय की स्थापना को मंजूरी प्रदान की गई है। यह विद्यालय सिविल सेक्टर के अंतर्गत शैक्षणिक सत्र 2026-27 से ही प्रारंभ किया जाएगा। जिस पर मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्रीय विद्यालय खुलने से मदननेगी एवं आसपास के क्षेत्र में नौनिहालों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिलेगी। साथ ही स्थानीय स्तर पर शैक्षणिक ढांचे को भी मजबूती मिलेगी। उन्होंने कहा कि केंद्र एवं राज्य सरकार मिलकर युवाओं को शिक्षा के क्षेत्र में आगे लाने एवं उनके भविष्य को संवारने के लिए संकल्पित है। 

नए केन्द्रीय विद्यालय का संचालन प्रारंभिक चरण में कक्षा 1 से 5 तक (प्रत्येक कक्षा में एक सेक्शन) किया जाएगा, जिसे आवश्यकता एवं स्वीकृति के अनुसार आगामी वर्षों में क्रमिक रूप से विस्तारित किया जाएगा। साथ ही प्रवेश प्रक्रिया सभी आवश्यक औपचारिकताओं के पूर्ण होने के 30 दिनों के भीतर प्रारंभ कर दी जाएगी।

गौरतलब है कि यह निर्णय भारत सरकार की पूर्व स्वीकृति के क्रम में लिया गया है, जिसके तहत देश भर में 85 नए केन्द्रीय विद्यालय खोले जाने हैं। मदननेगी, टिहरी गढ़वाल का यह विद्यालय उन्हीं स्वीकृत विद्यालयों में शामिल है।

धुमाकोट में “अफसर बिटिया” कार्यक्रम का आयोजन, बालिकाओं को शिक्षा, स्वास्थ्य व करियर के प्रति किया जागरूक

पौड़ी : बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ योजना के अंतर्गत राजकीय आदर्श इंटर कॉलेज, धुमाकोट में ‘अफसर बिटिया’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य बालिकाओं को शिक्षा, स्वास्थ्य एवं करियर के प्रति जागरूक कर उन्हें आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित करना रहा।

कार्यक्रम के दौरान चिकित्सा विभाग से डॉ. मीनाक्षी ने बालिकाओं को स्वास्थ्य के महत्व के साथ-साथ करियर विकल्पों के बारे में जानकारी दी। पुलिस विभाग से हेमराज सिंह ने बालिकाओं को सुरक्षा एवं आत्मविश्वास से जुड़े महत्वपूर्ण पहलुओं पर मार्गदर्शन दिया। साथ ही बाल विकास परियोजना अधिकारी संगीता तोमर ने बालिकाओं को शिक्षा एवं करियर निर्माण के विभिन्न अवसरों की जानकारी दी। वहीं सुपरवाइजर अंबिका चौधरी ने विभागीय योजनाओं के बारे में विस्तार से अवगत कराया। 

कार्यक्रम के अंतर्गत ‘मेरे सपनों की उड़ान’ विषय पर निबंध एवं चित्रकला प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया, जिसमें बालिकाओं ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया। प्रतियोगिता में प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाली छात्राओं को पुरस्कृत कर उनका उत्साहवर्धन किया गया।

शिक्षा विभाग से सुनीता बलूनी सहित विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाएं एवं विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी तथा कार्यक्रम में सक्रिय रूप से उपस्थित रहे।

डीएम स्वाति एस. भदौरिया ने सुनी जन शिकायतें, अधिकांश का मौके पर ही समाधान, अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश
पौड़ी : सोमवार को आयोजित जनता मिलन कार्यक्रम में विभिन्न विभागों से संबंधित 17 शिकायतों पर जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने गंभीरता एवं संवेदनशीलता के साथ प्रत्येक शिकायतकर्ता की बात सुनी। इस दौरान अधिकांश शिकायतों का मौके पर ही प्रभावी समाधान किया गया, जबकि शेष प्रकरणों के त्वरित निस्तारण हेतु संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया।

जनता दर्शन कार्यक्रम में पूर्व में दर्ज शिकायतों की समीक्षा के दौरान अवगत कराया गया कि विगत सोमवार तक दर्ज कुल 359 शिकायतों में से 338 का प्रभावी निस्तारण सुनिश्चित किया जा चुका है, जबकि मांग एवं नीति आधारित शेष 21 प्रकरणों को आगामी कार्ययोजनाओं में शामिल करते हुए निस्तारण सुनिश्चित करने को कहा गया। सीएम हेल्पलाइन की समीक्षा के दौरान उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि सप्ताह में एक बार विभागीय स्तर पर अनिवार्य रूप से समीक्षा करते हुए दर्ज शिकायतों का समाधान सुनिश्चित करें।

जनता मिलन कार्यक्रम में विकासखण्ड कल्जीखाल के थापली की प्रधान इन्दु देवी सहित महिलाओं ने लोवर थपली के 15 परिवारों को पर्याप्त पेयजल न मिलने की समस्या रखते हुए अलग पाइपलाइन की मांग की। इस पर जिलाधिकारी ने जल संस्थान के अधीक्षण अभियंता को मंगलवार पूर्वाह्न 10 बजे तक जूनियर इंजीनियर को मौके पर भेजकर आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करने को कहा।

विकासखण्ड पाबौ के ग्राम कोला की प्रधान बीना देवी ने बताया कि गांव के 70 कृषक परिवारों की फसल जंगली जानवरों से प्रभावित हो रही है, जिसके लिए 800 मीटर घेरबाड़ की आवश्यकता है। इस पर मुख्य कृषि अधिकारी को क्षेत्रीय टीम से स्थलीय निरीक्षण कराते हुए आवश्यकता अनुसार प्रस्ताव को जिला योजना में सम्मिलित करने को कहा गया। तहसील पौड़ी के सिमखेत निवासी सरोजनी देवी ने नाप भूमि से कब्जा हटाए जाने की शिकायत पर जिलाधिकारी ने उपजिलाधिकारी पौड़ी को निर्देश दिए कि कल ही राजस्व उपनिरीक्षक को मौके पर भेजकर वास्तविक स्थिति का स्थलीय निरीक्षण कर आख्या प्रस्तुत करते हुए नियमानुसार आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करें। न्यायपंचायत कुण्डी के कृषि ऋण धारकों ने बहुद्देशीय साधन सहकारी समिति बाह बाजार देवप्रयाग में समिति के सचिव द्वारा वित्तीय अनियमितताओं की शिकायत पर जिलाधिकारी ने मुख्य कृषि अधिकारी व एआर को-ऑपरेटिव को संयुक्त रुप से जॉच कर रिर्पोट प्रस्तुत करने कहा। वहीं, पौड़ी के अपर चौपड़ा निवासी शिवानी व अन्य महिलाओं ने क्षेत्र में तेंदुए की सक्रियता एवं पशुओं पर हमलों की जानकारी दी, जिस पर वन विभाग को तत्काल टीम भेजकर आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करने को कहा गया। इसके अलावा अन्य शिकायतों पर जिलाधिकारी द्वारा सम्बंधित अधिकारियों को प्राथमिकता के अधार पर कार्यवाही सुनिश्चित करने को कहा गया। 

जनता मिलन कार्यक्रम के माध्यम से जनसमस्याओं का न केवल संज्ञान लिया जा रहा है, बल्कि उन पर त्वरित, प्रभावी एवं परिणामोन्मुख कार्यवाही भी सुनिश्चित की जा रही है। इसी क्रम में जिलाधिकारी के निर्देशों के तहत खीर्सू के ग्राम कोठगी निवासी मरीषा देवी की मनरेगा योजना का परिश्रमिक भुगतान सम्बंधी शिकायत का त्वरित समाधान हुआ। इसी प्रकार भैस्वाडा तोक के थपलियालगांव के निवासियों की पेजयल की नियमित आपूर्ति नहीं होने सम्बंधी शिकतायत प्रभावी समाधान किया गया। ग्राम केवर्स निवासी ओम प्रकाश की शिकायत पीएमजीएसवाई के टेका-टंगरोली मोटर मार्ग पर के जल की निकासी से उनका आवासी भवन प्रभावित होने सम्बंधी का शिकायत का संज्ञान लेते हुए पीएमजीएसवाई द्वारा नाली को गहरा और बरसाती जल के बहाव को नाली की और किया गया। 

जनता मिलन कार्यक्रम में संयुक्त मजिस्ट्रेट दिक्षीता जोशी, जिला विकास अधिकारी मनविंदर कौर, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. एसएम शुक्ला, मुख्य शिक्षा अधिकारी अत्रेय सयाना, पुलिस उपाधीक्षक तुषार बोरा, मुख्य पशुचिकित्साधिकारी डॉ विशाल शर्मा, जिला पूर्ति अधिकारी अरुण कुमार सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

डीएम स्वाति एस. भदौरिया के निर्देशन में एलपीजी गैस की कालाबाजारी पर सख्ती, जिले में 37 प्रतिष्ठानों पर प्रशासन का औचक निरीक्षण
 

पौड़ी : जनपद में एलपीजी गैस की आपूर्ति व्यवस्था को पारदर्शी बनाए रखने तथा कालाबाजारी और जमाखोरी पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया के निर्देशन पर खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग की प्रवर्तन टीमों द्वारा विभिन्न स्थानों पर संचालित गैस एजेंसियों, प्रतिष्ठानों, होटल-ढाबों तथा पेट्रोल पंपों का औचक निरीक्षण किया गया।

जिला पूर्ति अधिकारी अरुण कुमार वर्मा ने बताया कि सोमवार को जनपद में कुल 37 प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया। इनमें से श्रीनगर क्षेत्र में 02 गैस गोदाम, कोटद्वार में 02 गैस गोदाम व 10 व्यवसायिक प्रतिष्ठानों, पौड़ी क्षेत्र में 01 गैस गोदाम, चाकीसैंण क्षेत्र में 01 पेटी डीजल डीलर, सतपुली क्षेत्र में 10 व्यवसायिक प्रतिष्ठानों तथा नौगांवखाल/पोखड़ा क्षेत्रों में 01 गैस गोदाम व 10 व्यवसायिक प्रतिष्ठानों का औचक निरीक्षण किया गया। इस दौरान संचालकों को स्टॉक एवं वितरण से जुड़े अभिलेखों को नियमित रूप से अद्यतन रखने के निर्देश दिए गए।

जिला पूर्ति अधिकारी ने बताया कि जनपद में एलपीजी गैस की कालाबाजारी एवं जमाखोरी को रोकने के लिए विभाग द्वारा नियमित रूप से निरीक्षण अभियान चलाया जा रहा है। सभी गैस एजेंसियों को उपभोक्ताओं को समय पर गैस सिलेंडर उपलब्ध कराने तथा अभिलेखों को अद्यतन रखने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि यदि कहीं भी अनियमितता पायी जाती है तो संबंधित एजेंसी के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

निरीक्षण के दौरान विभिन्न स्थानों पर संबंधित क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी, पूर्ति निरीक्षक सहित विभागीय कार्मिक उपस्थित रहे।