अंतरविद्यालयी वाद-विवाद प्रतियोगिता में आर्मी पब्लिक स्कूल ने बाजी मारी

लैंसडौन : आर्मी पब्लिक स्कूल लैंसडौन में ओल्ड स्टूडेंट्स एसोसिएशन (लोसा) के तत्वाधान में शहर के विद्यार्थियों की तर्क क्षमता, चिंतन व वाकक्षमता विकसित करने के उद्देश्य से अंतरविद्यालयी हिंदी वाद विवाद प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। जिसका विषय आधुनिक युद्ध : विज्ञान की उपलब्धि  या मानवता के लिए संकट था।

विद्यालय परिसर में आयोजित प्रतियोगिता में आर्मी पब्लिक स्कूल के अतिरिक्त शहर के तीन  अन्य विद्यालयों ने प्रतिभाग किया। इसमें जीजीआईसी, कैंट बोर्ड हाई स्कूल तथा पी एम श्री केंद्रीय विद्यालय के विद्यार्थियों ने प्रतिभाग किया। प्रत्येक विद्यालय से पक्ष व विपक्ष में एक एक वक्ता ने पुरजोर ढंग से अपनी बात का समर्थन किया। 

प्रतियोगिता के पक्ष में विद्यालय आर्मी पब्लिक स्कूल लैंसडौन की अनन्या अग्रवाल ने प्रथम, कैंट बोर्ड लैंसडौन के दिल बहादुर ने द्वितीय तथा जी जी आई सी लैंसडौन की सीमा ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। जबकि विपक्ष में ए पी एस लैंसडौन के छात्र देवेन्द्र बिष्ट ने प्रथम, पीएम श्री के वी की छात्रा अक्षरा ने द्वितीय एवं कैंट बोर्ड हाई स्कूल लैंसडौन के मयंक ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।

इस अवसर पर लोसा के अध्यक्ष डॉ एसपी नैथानी ने सभी प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन करते हुए अपने वक्तव्य में कहा कि शहर के विद्यार्थी  भविष्य में अपनी गुणवत्ता , नैतिकता के लिए जाने जाए, उन्होंने कहा कि आर्मी पब्लिक स्कूल शहर के विद्यार्थियों के विकास के लिए आवश्यकता पड़ने पर सदैव अपने समस्त संसाधनों के साथ  एक सहयोगी संस्था के रूप में उभरकर सामने आया है। कार्यक्रम का संचालन विद्यालय की छात्रा आकृति रावत तथा नंदिता गुप्ता द्वारा किया गया। 

इस अवसर पर विद्यालय की संस्थापक पूर्व प्रधानाचार्या वसुंधरा मायाकोटी ने कहा कि जीवन में सफलता प्राप्त करने के लिए अनुशासन, परिश्रम और सकारात्मक सोच को अपना आधार बनाएं साथ ही हम सभी मिलकर बच्चों के उज्ज्वल भविष्य के निर्माण हेतु निरंतर प्रयास हैं।

वहीं विद्यालय के प्रधानाचार्य विजेंद्र दत्त सुंद्रियाल ने सभी प्रतिभागी, विद्यार्थियों, लोसा के अध्यक्ष डॉ. एस पी नैथानी, अतिथिगण, शिक्षक-शिक्षिकाओं का आभार व्यक्त करते हुए भविष्य में भी इस तरह की प्रतियोगिताओं के आयोजन किए जाने पर बल दिया। इस अवसर पर विशिष्ट अतिथि सुश्री वसुंधरा मायाकोटी, लोसा अध्यक्ष डॉ. एसपी नैथानी, लोसा सचिव अजय अग्रवाल, लक्ष्मी थापा, विमला डियूंडी, प्रशांत नेगी आदि मौजूद रहें।

पश्चिमी विक्षोभ से बदलेगा मौसम का मिजाज, उत्तर भारत को भीषण गर्मी से राहत के संकेत

नई दिल्ली/देहरादून: पिछले कई दिनों से भीषण गर्मी और लू की मार झेल रहे उत्तर भारत के लिए राहत भरी खबर है। मौसम विभाग के अनुसार, सक्रिय हो रहे पश्चिमी विक्षोभ के कारण देश के बड़े हिस्से में मौसम का मिजाज बदलने वाला है। इसके प्रभाव से आने वाले दिनों में बारिश, धूल भरी आंधी और तेज हवाओं का दौर देखने को मिल सकता है।

राजधानी दिल्ली और एनसीआर में मंगलवार से अगले तीन दिनों तक बादल छाए रहने, गरज-चमक के साथ हल्की बारिश और बौछारें पड़ने की संभावना जताई गई है। साथ ही 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का अनुमान है। हालांकि, तापमान अभी भी 40 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना रह सकता है, लेकिन लू के असर में कमी आएगी।

इन राज्यों में असर

मौसम विभाग के अनुसार उत्तर प्रदेश, राजस्थान, पंजाब, हरियाणा और उत्तराखंड समेत कई राज्यों में फिलहाल भीषण गर्मी का प्रकोप जारी है। यूपी में तापमान 46 डिग्री सेल्सियस से ऊपर दर्ज किया गया है, जबकि राजस्थान में 45-46 डिग्री तक गर्मी बनी हुई है। उत्तराखंड में भी तापमान सामान्य से अधिक 39 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच चुका है।

मौसम बदलने की वजह

विशेषज्ञों के मुताबिक, इस बदलाव के पीछे दो मुख्य कारण हैं। पहला, पाकिस्तान के ऊपर सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ जो उत्तर-पश्चिम भारत की ओर बढ़ रहा है। दूसरा, मध्य पाकिस्तान और राजस्थान के ऊपर बना साइक्लोनिक सर्कुलेशन, जो मौसम में अस्थिरता पैदा कर रहा है।

सावधानी बरतने की सलाह

मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। धूल भरी आंधी के दौरान विजिबिलिटी कम हो सकती है, जिससे सड़क हादसों का खतरा बढ़ सकता है। लोगों को पुराने पेड़ों, बिजली के खंभों और जर्जर होर्डिंग्स से दूर रहने की हिदायत दी गई है। सांस संबंधी बीमारियों से पीड़ित लोगों को मास्क का उपयोग करने की सलाह दी गई है।

नगाणगांव में श्रीमद्भागवत कथा का दिव्य आयोजन, आयुष कृष्ण नयन महाराज के प्रवचनों से श्रद्धालु भावविभोर

बड़कोट: तहसील बड़कोट के नगाण गांव में आयोजित श्रीमद् भागवत कथा के दूसरे दिन भक्ति, श्रद्धा और आध्यात्मिक ऊर्जा का अद्भुत संगम देखने को मिला। प्रसिद्ध बाल कथाकार पं. आयुष कृष्ण नयन महाराज के ओजस्वी और भावपूर्ण प्रवचनों ने श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया।

कार्यक्रम का आयोजन भाजपा प्रदेश मीडिया प्रभारी मनवीर सिंह चौहान की स्वर्गीय पत्नी उमा चौहान की स्मृति में किया जा रहा है। कथा का शुभारंभ मंगलाचरण और गढ़वाली भजन “यमुना क किनारू, बड़ भागवानु तैं मिलदू…” से हुआ, जिसने पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया।

कथा व्यास ने अपने प्रवचनों में यमुना तट की महिमा का वर्णन करते हुए कहा कि जहां यमुना का पावन प्रवाह होता है, वहां स्वतः ही भक्ति, प्रेम और आध्यात्मिक ऊर्जा का संचार होता है। उन्होंने श्रीमद्भागवत महापुराण के दशम स्कंध का उल्लेख करते हुए श्रीकृष्ण की लीलाओं और यमुना की दिव्यता को विस्तार से समझाया। साथ ही गंगा माता को “ज्ञानदायिनी” बताते हुए उनके आध्यात्मिक महत्व पर भी प्रकाश डाला।

प्रवचन के दौरान महर्षि जमदग्नि की तपोभूमि और भगवान परशुराम के जन्म प्रसंग का भी भावपूर्ण वर्णन किया गया। महाराज जी ने बताया कि यह पवित्र भूमि आस्था, इतिहास और संस्कृति का अनूठा संगम है, जिसने सदियों से धर्म और श्रद्धा को जीवंत रखा है।

कथा स्थल पर नगाण गांव सहित आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। पूरे क्षेत्र में भक्ति रस की गूंज सुनाई दी और श्रद्धालु भावविभोर नजर आए। आयोजन के दौरान प्रतिदिन विशाल भंडारे का भी आयोजन किया जा रहा है।

आयोजक मनवीर सिंह चौहान एवं समस्त ग्रामवासियों ने अधिक से अधिक लोगों से कथा का श्रवण कर आध्यात्मिक लाभ लेने की अपील की है।

उत्तराखंड विधानसभा का विशेष सत्र, सदन के बाहर और भीतर गरमाया माहौल

देहरादून: लोकसभा में महिला आरक्षण लागू करने वाले संविधान संशोधन विधेयक के पारित न होने के बाद उत्तराखंड में इस मुद्दे पर राजनीति तेज हो गई है। मंगलवार को राज्य विधानसभा में इसी विषय पर चर्चा के लिए विशेष सत्र बुलाया गया, जहां सत्ता पक्ष और विपक्ष आमने-सामने नजर आए।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सदन में कहा कि सरकार देश की महिलाओं को उनका अधिकार दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि “आधी आबादी” को उनका पूरा हक जरूर मिलेगा, ताकि मातृशक्ति विकसित भारत के निर्माण में अपनी पूरी क्षमता से योगदान दे सके।

वहीं, विपक्षी कांग्रेस ने सरकार को घेरने की पूरी रणनीति बनाई। नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने सरकार पर सवाल उठाते हुए कहा कि 2023 में पारित कानून को लागू करने में देरी क्यों की जा रही है। उन्होंने मांग की कि महिला आरक्षण को तत्काल प्रभाव से लागू किया जाए और आगामी विधानसभा चुनाव में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण दिया जाए।

सदन के भीतर बहस के साथ-साथ बाहर भी माहौल गरम रहा। विधानसभा कूच कर रही महिला कांग्रेस कार्यकर्ताओं को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। इस दौरान महिला कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ज्योति रौतेला सहित कई कार्यकर्ता गिरफ्तार किए गए। सड़कों पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं का प्रदर्शन जारी रहा।

उधर, भाजपा ने इस मुद्दे पर विपक्ष को घेरने की व्यापक रणनीति बनाई है। पार्टी विधानसभा सत्र के बाद नगर निगमों, जिला पंचायतों और क्षेत्र पंचायतों की बैठकों में निंदा प्रस्ताव लाकर कांग्रेस पर दबाव बनाने की तैयारी में है। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने कहा कि मातृशक्ति के अपमान को लेकर पार्टी चुप नहीं बैठेगी।

कुल मिलाकर, महिला आरक्षण के मुद्दे पर उत्तराखंड की राजनीति में टकराव तेज हो गया है और आने वाले समय में यह मुद्दा और अधिक गर्माने के संकेत दे रहा

विशेष सत्र पर कांग्रेस का हमला, बताया जनता के पैसे की बर्बादी

देहरादून: उत्तराखंड विधानसभा में महिला आरक्षण को लेकर आयोजित एकदिवसीय विशेष सत्र पर कांग्रेस ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। पार्टी ने इसे औचित्यहीन बताते हुए जनता की गाढ़ी कमाई की बर्बादी करार दिया है।

अखिल भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के प्रवक्ता आलोक शर्मा और प्रदेश मुख्य प्रवक्ता गरिमा मेहरा दसौनी ने संयुक्त प्रेस वार्ता में कहा कि “नारी शक्ति वंदन अधिनियम” पहले ही वर्ष 2023 में संसद से पारित हो चुका है, ऐसे में राज्य स्तर पर विशेष सत्र बुलाने का कोई औचित्य नहीं बनता। उनका आरोप है कि भाजपा इस मुद्दे पर जनता को गुमराह कर रही है और असल मुद्दों से ध्यान भटकाने का प्रयास कर रही है।

आलोक शर्मा ने कहा कि इस सत्र पर लगभग 8 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं, जबकि राज्य में महिला सुरक्षा, बेरोजगारी और आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं जैसे गंभीर मुद्दे अनदेखे हैं। उन्होंने NCRB के आंकड़ों का हवाला देते हुए कहा कि उत्तराखंड में महिला अपराध के मामले बढ़ रहे हैं, लेकिन सरकार इस पर चर्चा से बच रही है। अंकिता भंडारी हत्याकांड का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि इतने बड़े मामले पर भी सत्र में कोई चर्चा नहीं हुई।

कांग्रेस नेताओं ने यह भी आरोप लगाया कि महिला आरक्षण को जनगणना और परिसीमन से जोड़ना इसे टालने की रणनीति है। उन्होंने केंद्र सरकार पर महिलाओं के प्रतिनिधित्व को लेकर भी सवाल उठाए।

प्रदेश मुख्य प्रवक्ता गरिमा मेहरा दसौनी ने कहा कि सरकार जनता के पैसे का दुरुपयोग कर रही है। उन्होंने ग्रामीण क्षेत्रों की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं का जिक्र करते हुए कहा कि आज भी कई जगहों पर महिलाओं को प्रसव के दौरान मूलभूत सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं।

दसौनी ने चारधाम यात्रा प्रबंधन और हाल ही में एक महिला पत्रकार के साथ कथित अभद्रता के मामले को भी उठाया। उन्होंने कहा कि सरकार पत्रकारों की आवाज दबाने का प्रयास कर रही है।

कांग्रेस ने सरकार को चुनौती देते हुए कहा कि यदि भाजपा वास्तव में महिला सशक्तिकरण के लिए प्रतिबद्ध है, तो वह 2027 के विधानसभा चुनाव में 33 प्रतिशत महिलाओं को टिकट दे या सरकारी नौकरियों में इतना ही आरक्षण लागू करे।

प्रेस वार्ता में संगठन महामंत्री राजेंद्र भंडारी, पूर्व महानगर अध्यक्ष लालचंद शर्मा सहित अन्य पदाधिकारी भी मौजूद रहे।

हरिद्वार में गाली-गलौच से शुरू हुआ विवाद बना जानलेवा, युवक की मौत, आरोपी गिरफ्तार

हरिद्वार। शहर कोतवाली क्षेत्र के निर्मला छावनी में मामूली कहासुनी ने हिंसक रूप ले लिया, जिसमें एक युवक की जान चली गई। घटना हरिद्वार रेलवे स्टेशन के पीछे स्थित निर्मला छावनी कॉलोनी की है, जहां दो पड़ोसियों के बीच विवाद इतना बढ़ गया कि मामला खूनी संघर्ष में बदल गया।

पुलिस के अनुसार, दीपक सक्सेना और सौरभ कौरी के मकान पास-पास हैं। किसी बात को लेकर दोनों के बीच कहासुनी हुई, जो जल्द ही गाली-गलौच में बदल गई। आरोप है कि विवाद के दौरान सौरभ कौरी ने गुस्से में आकर ईंट उठाकर दीपक सक्सेना के सिर पर वार कर दिया। हमले में दीपक गंभीर रूप से घायल होकर जमीन पर गिर पड़े।

घायल अवस्था में परिजनों द्वारा दीपक को तुरंत जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां से डॉक्टरों ने उनकी गंभीर हालत को देखते हुए एम्स रेफर कर दिया। इलाज के दौरान दीपक की मौत हो गई।

घटना के बाद मृतक के भाई नीरज सक्सेना की शिकायत पर पुलिस ने गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज किया। पुलिस टीम ने तत्परता दिखाते हुए चंद घंटों के भीतर आरोपी सौरभ कौरी को हिल बाईपास के जंगल क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया।

शहर कोतवाल कुंदन सिंह राणा के नेतृत्व में गठित टीम ने कार्रवाई को अंजाम दिया। सीओ सिटी शिशुपाल नेगी ने बताया कि आरोपी को कोर्ट में पेश कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।

अवैध प्लॉटिंग पर एमडीडीए का सख्त एक्शन, मेहुवाला में 10 बीघा जमीन पर विकसित हो रही अवैध कॉलोनी ध्वस्त

देहरादून : मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने प्राधिकरण क्षेत्र में अवैध प्लॉटिंग के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए मेहुवाला क्षेत्र में विकसित की जा रही अवैध कॉलोनी को ध्वस्त कर दिया। लगातार मिल रही शिकायतों के बाद प्राधिकरण ने सख्ती दिखाते हुए यह कदम उठाया, जिससे अवैध निर्माण करने वालों में हड़कंप मच गया है।

सैक्टर वाइज टीमों से निगरानी तेज

एमडीडीए ने अवैध प्लॉटिंग पर प्रभावी नियंत्रण के लिए सैक्टर वाइज टीमों का गठन किया है। ये टीमें नियमित रूप से क्षेत्र का निरीक्षण कर रही हैं और संदिग्ध गतिविधियों पर तुरंत कार्रवाई कर रही हैं। प्राधिकरण का मानना है कि इस व्यवस्था से अवैध कॉलोनियों पर समय रहते रोक लगाई जा सकेगी और शहर का विकास योजनाबद्ध तरीके से होगा।

मेहुवाला में 10 बीघा जमीन पर चल रही थी प्लॉटिंग

प्राधिकरण की टीम को जांच के दौरान मेहुवाला माफी, निकट ईंट भट्टा क्षेत्र में अवैध प्लॉटिंग की जानकारी मिली। यहां कमल राठौर व अन्य द्वारा “श्रीराम इन्क्लेव” में करीब 10 बीघा भूमि पर बिना स्वीकृति प्लॉटिंग की जा रही थी। मामले की पुष्टि होने पर प्राधिकरण ने तत्काल कार्रवाई करते हुए अवैध निर्माण को ध्वस्त कर दिया। यह कार्रवाई संयुक्त सचिव गौरव चटवाल के निर्देशों पर की गई। मौके पर सहायक अभियंता विजय रावत, अवर अभियंता मुनेश राणा और सुपरवाइजर की टीम मौजूद रही। पूरी कार्रवाई नियमानुसार और प्रशासनिक निगरानी में संपन्न हुई। एमडीडीए की इस कार्रवाई से यह स्पष्ट हो गया है कि प्राधिकरण अब अवैध प्लॉटिंग के खिलाफ पूरी तरह सख्त रुख अपना चुका है। आने वाले समय में भी इस तरह की कार्रवाई जारी रहने की संभावना है, जिससे शहर में अव्यवस्थित विकास पर रोक लगाई जा सके और नागरिकों के हितों की रक्षा हो सके।

आम जनता अधिकृत योजनाओं में ही निवेश करें – बंशीधर तिवारी

एमडीडीए के उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि प्राधिकरण क्षेत्र में अवैध प्लॉटिंग को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा, “अवैध रूप से कॉलोनियां विकसित करना न केवल कानून का उल्लंघन है, बल्कि इससे आम नागरिकों को भी भारी नुकसान उठाना पड़ सकता है। कई बार लोग बिना जांच-पड़ताल के ऐसे प्लॉट खरीद लेते हैं, जिससे भविष्य में उन्हें कानूनी और आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ता है। एमडीडीए ने सैक्टर वाइज टीमों का गठन कर निगरानी व्यवस्था को मजबूत किया है। हमारी टीमें लगातार क्षेत्र में सक्रिय हैं और जहां भी अवैध गतिविधियां सामने आती हैं, वहां तत्काल कार्रवाई की जाती है। हम यह सुनिश्चित करना चाहते हैं कि देहरादून का विकास पूरी तरह नियोजित और सुरक्षित तरीके से हो। इसके लिए जरूरी है कि नियमों का सख्ती से पालन किया जाए। साथ ही, आम जनता से भी अपील है कि वे केवल अधिकृत योजनाओं में ही निवेश करें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी प्राधिकरण को दें।”

अवैध निर्माण पर नहीं होगी कोई ढील – मोहन सिंह बर्निया

एमडीडीए के सचिव मोहन सिंह बर्निया ने कहा, “प्राधिकरण अवैध प्लॉटिंग के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर कार्य कर रहा है। मेहुवाला में की गई कार्रवाई इसी का उदाहरण है। हमारी टीमें लगातार क्षेत्र में सक्रिय हैं और भविष्य में भी इस तरह की कार्रवाई जारी रहेगी। जो लोग नियमों का उल्लंघन कर अवैध कॉलोनियां विकसित कर रहे हैं, उनके खिलाफ सख्त कानूनी कदम उठाए जाएंगे। आम नागरिकों को भी सतर्क रहना चाहिए और केवल वैध स्वीकृति वाली परियोजनाओं में ही निवेश करना चाहिए।”

डीएम गौरव कुमार ने की बद्रीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग के सुधारीकरण कार्यों में कार्यदायी संस्थाओं के लंबित प्रस्तावों की समीक्षा, दिए निर्देश
  • डीएम ने मार्ग सुधारीकरण कार्यों के प्रस्तावों को सम्बंधित विभागों से मिलकर रिसॉल्व करने हेतु कार्यदायी संस्थाओं को निर्देश
चमोली : जिलाधिकारी गौरव कुमार की अध्यक्षता में बद्रीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग के क्षतिग्रस्त हिस्सों के सुधारीकरण कार्यों  के लंबित प्रस्तावों को लेकर समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में कार्यदायी संस्थाओं बीआरओ एवं एनएचआईडीसीएल द्वारा संचालित एवं प्रस्तावित कार्यों की प्रगति पर विस्तृत चर्चा की गयी।
जिलाधिकारी ने बीआरओ के अधिशासी अभियंता को ज्योतिर्मठ से मारवाड़ी क्षेत्र के मध्य मार्ग सुधारीकरण कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने सभी लंबित प्रस्तावों का संबंधित विभागों के समन्वय से त्वरित निस्तारण सुनिश्चित करने को कहा, ताकि कार्यों में किसी प्रकार की देरी न हो।
एनएचआईडीसीएल के अधिकारियों को निर्देशित करते हुए जिलाधिकारी ने  लंबित भूमि विवाद के प्रकरणो को उपजिलाधिकारी के साथ समन्वय स्थापित कर शीघ्र सुलझाने तथा कार्य प्रारंभ करने की बात कही । इसके अतिरिक्त  उन्होंने भनेर पानी क्षेत्र में सड़क चौड़ीकरण कार्य हेतु आवश्यक ब्लास्टिंग की अनुमति लेकर नियमानुसार अग्रिम कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए। बैठक में डीएफओ सर्वेश कुमार दुबे, अपर जिलाधिकारी विवेक प्रकाश, बीआरओ से अधिशासी अभियंता केटी राव, एनएचआईडीसीएल के अधिकारी एवं अन्य संबंधित कर्मचारी उपस्थित रहे।



NEET-UG परीक्षा के लिए प्रशासन तैयार, डीएम गौरव कुमार ने अभ्यर्थियों की सुविधा और परीक्षा केंद्रों में सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने के दिए निर्देश
चमोली : जिलाधिकारी गौरव कुमार ने आगामी 03 मई को प्रस्तावित NEET-UG परीक्षा के सफल संचालन को लेकर अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि अभ्यर्थियों की सुविधा सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। उन्होंने एसडीएम चमोली एवं पुलिस उपाधीक्षक को ट्रैफिक रूट मैप तैयार कर उसका प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने, परीक्षा केंद्रों के आसपास पर्याप्त पार्किंग व्यवस्था करने तथा किसी भी अभ्यर्थी के ट्रैफिक जाम में फंसने की स्थिति में उसे समय से परीक्षा केंद्र तक पहुंचाने के लिए तत्काल सहायता उपलब्ध कराने को कहा।
उन्होंने परीक्षा की पारदर्शिता एवं सुरक्षा को लेकर कड़े निर्देश देते हुए सभी परीक्षा केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरों की समुचित व्यवस्था, जैमर की उपलब्धता तथा अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं समय से पूर्ण करने के निर्देश नोडल अधिकारी पुष्पलता आर्या को दिए। साथ ही उन्होंने कहा कि सभी व्यवस्थाओं का पूर्व परीक्षण कर लिया जाए, ताकि परीक्षा के दौरान किसी प्रकार की तकनीकी या प्रबंधन संबंधी समस्या न हो।
जिलाधिकारी ने अभ्यर्थियों की सहायता हेतु जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी के माध्यम से टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर जारी करने और उसका व्यापक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने, संवेदनशीलता बनाए रखने तथा परीक्षा को शांतिपूर्ण, निष्पक्ष एवं व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने पर विशेष जोर दिया।
इस दौरान अपर जिलाधिकारी विवेक प्रकाश, अमित अग्रवाल निदेशक प्रौद्योगिकी संस्थान कोठियालसैण सहित वर्चुअल माध्यम से एसडीएम चमोली आरके पांडे पुलिस उपाधीक्षक त्रिवेंद्र सिंह राणा जुड़े रहे।

बदरीनाथ हाइवे पर तोता घाटी में कार हादसा, SDRF ने  बचाया

देवप्रयाग । बदरीनाथ हाइवे पर तोता घाटी क्षेत्र में मंगलवार सुबह एक कार अनियंत्रित होकर गहरी खाई में गिर गई। हादसे की सूचना मिलते ही State Disaster Response Force (SDRF) की टीम ने मौके पर पहुंचकर रेस्क्यू अभियान चलाया और वाहन में सवार दो युवाओं को सुरक्षित बाहर निकाला।

जानकारी के अनुसार, सुबह करीब 06:27 बजे जिला नियंत्रण कक्ष के माध्यम से दुर्घटना की सूचना मिली। इसके बाद व्यासी पोस्ट से उप निरीक्षक सावर सिंह के नेतृत्व में SDRF टीम तत्काल घटनास्थल के लिए रवाना हुई। मौके पर पहुंचने पर पाया गया कि कार (DL 11 CD 3154) मुख्य मार्ग से करीब 350 मीटर नीचे खाई में गिरकर नदी किनारे पहुंच गई थी।

SDRF टीम ने खाई में उतरकर वाहन तक पहुंच बनाई और रेस्क्यू शुरू किया। वाहन में सवार दिल्ली निवासी अनीश (22) को प्राथमिक उपचार देते हुए बाहर निकाला गया। नदी किनारे होने के कारण उसे राफ्ट के माध्यम से कोडियाला पहुंचाया गया, जहां से 108 एंबुलेंस द्वारा अस्पताल भेजा गया।

दूसरी ओर, लापता युवती सुहानी (20) की तलाश के लिए सर्च ऑपरेशन चलाया गया। सघन खोजबीन के बाद टीम ने उसे भी सकुशल बरामद कर लिया। दोनों घायलों को उपचार के लिए हायर सेंटर रेफर किया गया है।